अपडेटेड 1 March 2025 at 11:56 IST

Badrinath Avalanche: जोशीमठ पहुंचे CM धामी, हवाई सर्वे कर लिया जायजा; घायलों से भी मिले, आपदा कंट्रोल रूम बनाने का ऐलान

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चमोली के माणा में ग्लेशियर टूटने के बाद हुए हादसे वाली जगह का हवाई सर्वेक्षण कर जायजा लिया।

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मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चमोली के माणा में ग्लेशियर टूटने के बाद हुए हादसे वाली जगह का हवाई सर्वेक्षण कर जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को राहत और बचाव कार्य को तेजी से संचालित करने के निर्देश दिए। सीएम ने बताया कि सरकार प्रभावित श्रमिकों की सुरक्षा और सहायता के लिए पूरी तरह सक्रिय है। बचाव अभियान में NDRF, SDRF और सेना की टीमें जुटी हुई हैं।

हवाई सर्वे करने के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि जोशीमठ में भी आपदा कंट्रोल रूम की स्थापना की जाए।  उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी चल रहे बचाव अभियान की निगरानी कर रहे हैं। पुष्कर सिंह धामी पल-पल की अपडेट ले रहे हैं। मुख्यमंत्री ने देर रात राज्य इमरजेंसी ऑपरेशन सेंटर पहुंचकर अधिकारियों के साथ बैठक भी की थी और माणा गांव के पास हुए हिमस्खलन में फंसे श्रमिकों के राहत और बचाव कार्य की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को रेस्क्यू अभियान में तेजी लाने और अब तक निकाले गए श्रमिकों की समुचित देखभाल सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

रेस्क्यू ऑपरेशन की निगरानी कर रहे CM धामी 

सीएम ने कहा कि एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और आईटीबीपी के जवान आपसी सहयोग से बर्फ हटाने का कार्य तेजी से करें। जिन श्रमिकों को निकाला गया है उनका विशेष ख्याल रखा जाए। मुख्यमंत्री ने जोशीमठ स्थित आर्मी अस्पताल, जिला अस्पताल, एम्स ऋषिकेश तक सभी अस्पतालों में पर्याप्त व्यवस्था करने के भी निर्देश दिए।

8 लोगों को बचाने की कोशिश जारी

चमोली में मजदूरों की जिंदगियां बचाने के लिए जद्दोजहज चल रही है। बर्फीले तूफान में युद्धस्तर पर ऑपरेशन जारी है। लगभग 24 घंटे बीत चुके हैं और 8 लोग अभी भी फंसे हैं। बद्रीनाथ धाम के करीब काम कर रहे 55 मजदूर पिछले दिन हिमस्खलन की चपेट में आए। ग्लेशियर टूटने की घटना के बाद मजदूरों को बचाने के लिए रेस्क्यू शुरू किया गया, जिसमें अब तक 47 मजदूरों को निकाल लिया गया है।

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4 हेलीकॉप्टर रेस्क्यू में लगे, IAF का Mi-17 स्टैंडबाय पर

रेस्क्यू ऑपरेशन में बारिश और बर्फबारी बाधा बन रही है। बर्फीले तूफान के बीच से लोगों को निकालने की पूरी कोशिश है। लगातार बर्फबारी के चलते रात में रेस्क्यू रोकना पड़ा, ताकि बचाव और राहत दलों को कोई खतरा ना हो। हालांकि सुबह की किरण के साथ 7 बजे ही रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू होने की जानकारी आई। आज सुबह सेना ने हिमस्खलन स्थल से 14 लोगों को निकाला, जिनमें से 3 की गंभीर हालत होने पर सिविल हेलीकॉप्टर्स के जरिए जोशीमठ ले जाया गया। अभी तक 8 और मजदूर लापता बताए जा रहे हैं, जिनकी तेजी से तलाश हो रही है।

उत्तराखंड राज्य आपदा प्रबंधन सचिव विनोद कुमार सुमन कहते हैं कि बचाव और राहत अभियान तेजी से चल रहे हैं। अधिकारी के मुताबिक, फिलहाल 4 हेलीकॉप्टर रेस्क्यू में लगे हैं। भारतीय वायुसेना का एक एमआई-17 हेलीकॉप्टर स्टैंडबाय पर है, मौसम साफ होते ही ये यहां पहुंच जाएगा। माणा के पास एक अस्थाई हेलीपैड बनाया जा रहा है। बर्फ हटाने का काम जारी है। उम्मीद की जा रही है कि हेलीपैड तैयार होने के बाद राहत और बचाव कार्य में और तेजी आएगी।

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PM मोदी ने CM पुष्कर धामी को लगाया फोन

मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि पीएम मोदी ने उन्हें फोन करके अपडेट लिया है और हर संभव का आश्वासन दिया है। सीएम धामी ने बताया- ‘प्रधानमंत्री मोदी ने फोन पर बात कर चमोली के माणा में फंसे श्रमिकों को सुरक्षित निकालने के लिए चलाए जा रहे रेस्क्यू ऑपरेशन की जानकारी ली। साथ ही उन्होंने प्रदेश में हो रही बारिश और हिमपात की स्थिति पर भी विस्तार से जानकारी ली। इस दौरान प्रधानमंत्री ने केंद्र सरकार की ओर से किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए हर संभव सहायता प्रदान किए जाने का आश्वासन दिया।’

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Published By : Nidhi Mudgill

पब्लिश्ड 1 March 2025 at 11:50 IST