मध्य प्रदेश में निजी स्कूलों की लूट पर प्रशासन का एक्शन, 11 स्कूल संचालकों पर FIR; 20 लोग गिरफ्तार

शिक्षा व्यवस्था को लेकर की गई यह कार्यवाही मध्य प्रदेश की अबतक की सबसे बड़ी कार्यवाही मानी जा रही है।

  • Facebook Share Icon
  • Twitter Share Icon
  • WhatsApp Share Icon
 
Follow : Google News Icon

सत्यविजय सिंह

मध्य प्रदेश के निजी स्कूलों द्वारा की जा रही लूट पर जिला प्रशासन ने बड़ी कार्यवाही करते हुए जबलपुर शहर के 9 थानों में स्कूल संचालकों के खिलाफ धारा 420, 471 और 472 के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। मामले में 80 लोगों को आरोपी बनाया गया है है। जिसमे अभी तक पुलिस ने 20 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। शिक्षा व्यवस्था को लेकर की गई यह कार्यवाही मध्य प्रदेश की अबतक की सबसे बड़ी कार्यवाही मानी जा रही है।

शिक्षा व्यवस्था पर जबलपुर जिला प्रशासन ने बड़ी कार्यवाही की है। क्योंकि जिस तरह से निजी स्कूल प्रकाशकों और पुस्तक विक्रेताओं के साथ मिली भगत कर अभिभावकों को लूटने का काम कर रहे थे। इसका खुलासा जबलपुर कलेक्टर दीपक कुमार सक्सेना और पुलिस अधीक्षक आदित्य प्रताप सिंह ने किया है। करीब दो महीना से जिला प्रशासन द्वारा निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत 11 स्कूलों के संचालकों के खिलाफ न केवल एफआईआर दर्ज की गई है बल्कि गिरफ्तार भी किया गया है। इसके बाद अभिभावकों ने राहत की सांस ली है।

जबलपुर कलेक्टर ने किया मामले का खुलासा

Advertisement

जबलपुर कलेक्टर दीपक सक्सेना ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से निजी स्कूलों, प्रकाशकों और पुस्तक विक्रेताओं के खेल का खुलासा करते हुए बताया कि जबलपुर जिला प्रशासन के पास निजी स्कूलों की मनमानी, फीस वृद्धि और निश्चित दुकान से ही यूनिफॉर्म स्टेशनरी की खरीदारी का दबाव बनाने की शिकाय लगातार आ रही थी। जिसके तहत जिला प्रशासन ने एक टीम गठित करते हुए इसकी जांच पड़ताल शुरू की तो चौंकाने वाले खुलासे हुए है। जांच के दौरान जबलपुर के 11 नामी स्कूलों में बड़ी गड़बड़ी देखने को मिली। कलेक्टर ने बताया कि जबलपुर के 11 स्कूलों ने 21 हजार बच्चों से 81 करोड़ 30 लाख रुपए की अतिरिक्त फीस वसूली है। इतना ही नहीं इन निजी स्कूलों ने पुस्तक विक्रेताओं और प्रकाशकों के साथ मिली भगत करके करोड़ों रुपए का वारा न्यारा किया है।

स्कूलों ने नियमों को दरकिनार कर की मनमानी फीस वृद्धि

Advertisement

मध्य प्रदेश में साल 2018 में निजी स्कूलों की फीस वृद्धि को लेकर नियम बना दिए गए थे लेकिन इन निजी स्कूल संचालकों ने फीस वृद्धि के नियमों को दरकिनार कर मनमानी तरीके से फीस बढ़ा दी। जबलपुर के क्राइस्ट चर्च बॉयज स्कूल, ज्ञान गंगा स्कूल, स्टम्फील्ड इंटरनेशनल स्कूल, लिटिल वर्ल्ड स्कूल, चैतन्य स्कूल, सेंट ऑलोसी स्कूल सालीवाडा, सेंट ओलोसी घमापुर, सेंट एलाइसिस सदर और क्राइस्ट चर्च घमापुर शामिल हैं। कलेक्टर के मुताबिक इन स्कूलों ने अभिभावकों से अपराधिक घटनाक्रम को अंजाम दिया है।

स्कूल संचालकों के खिलाफ 420, 471 सहित कई धाराओं में केस दर्ज

जबलपुर शहर के 9 थानों में इन स्कूल संचालकों के खिलाफ धारा 420, 471 और 472 के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। इस पूरे मामले में 80 लोगों को आरोपी बनाया गया है पुलिस अधीक्षक आदित्य प्रताप के मुताबिक एफआईआर दर्ज करने के बाद अब तक 21 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है वही बाकी लोगों को भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। सबसे खास बात यह है कि कलेक्टर ने अभिभावकों को भी अपनी फीस वापसी का रास्ता दिखा दिया है अभिभावक जिला प्रशासन के पास आवेदन कर अपनी खाते में फीस वापस भी ले सकते हैं। 

इसे भी पढ़ें: 4 जून को किसकी सरकार? नतीजों से पहले ही 'स्टीयरिंग' पर एक्शन में खड़गे

Published By:
 Deepak Gupta
पब्लिश्ड