'भाई का कत्ल कर पिता को बूंद-बूंद पानी के लिए तरसाने...', औरंगजेब की तारीफ पर भड़के महामंडलेश्वर अवधेशानंद गिरि जी महाराज

नागपुर में जूना अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि ने औरंगजेब और वक्फ बोर्ड पर तीखा बयान दिया।

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औरंगजेब / स्वामी अवधेशानंद गिरि
औरंगजेब / स्वामी अवधेशानंद गिरि | Image: X/ @AvdheshanandG

Swami Avdheshanand Giri : नागपुर में जूना अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि ने औरंगजेब और वक्फ बोर्ड पर तीखा बयान दिया। उन्होंने कहा कि औरंगजेब भारत और मुसलमानों के लिए आदर्श पुरुष नहीं हो सकते। स्वामी जी ने औरंगजेब के आचरण पर सवाल उठाते हुए कहा, 'जिसने अपने भाई का कत्ल किया, अपने पिता को कारागार में डाला और उसे एक-एक बूंद पानी के लिए तरसाया, वह किसी भी दृष्टिकोण से आदर्श नहीं हो सकता।'

स्वामी अवधेशानंद गिरि ने औरंगजेब को सिर्फ बाहर के देशों का आदर्श मानते हुए कहा कि भारत के इतिहास में उसकी कोई जगह नहीं हो सकती। उनका कहना था कि औरंगजेब ने अपनी पूरी सत्ता के दौरान जिन क्रूर कार्यों को अंजाम दिया, वे भारतीय समाज और संस्कृति के लिए बिल्कुल भी स्वीकार्य नहीं हैं।

वक्फ बोर्ड पर स्वामी अवधेशानंद की गंभीर टिप्पणी

स्वामी अवधेशानंद गिरि ने वक्फ बोर्ड को लेकर भी गंभीर टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि वक्फ बोर्ड कोई वैधानिक संस्था नहीं है और न ही उसका संविधान में कोई उल्लेख है। उनके अनुसार, वक्फ बोर्ड सिर्फ अतिक्रमण करने वाली संस्था है, जो किसी भी कानूनी या संवैधानिक दृष्टिकोण से मान्यता प्राप्त नहीं है।

अबू आसिम औरंगजेब को बताया था अच्छा शासक

औरंगजेब को सपा नेता अबू आसिम आजमी की ओर से अच्छा शासक बताने पर विवाद बढ़ता जा रहा है। यह बयान औरंगजेब की तारीफ करने वाले कुछ मुस्लिम विद्वानों और संगठनों द्वारा उठाए गए विवाद को लेकर आया। जिसके बाद अब स्वामी अवधेशानंद गिरि ने साफ किया कि भारत का इतिहास और संस्कृति ऐसी गलत धारणाओं और ऐतिहासिक आंकड़ों से प्रभावित नहीं हो सकता।

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छावा फिल्म से शुरू औरंगजेब को लेकर विवाद

औरंगजेब को लेकर ये सारा विवाद छावा फिल्म से शुरू हुआ। ये फिल्म 14 फरवरी को रिलीज हुई थी, फिल्म में दिखाया गया है कि औरंगजेब ने छत्रपति संभाजी महाराज को 40 दिन तक भयानक यातनाएं देने के बाद उनकी क्रूरता से हत्या कर दी थी और उनकी पत्नी और बेटे को बंधक बना लिया था। छत्रपति संभाजी महाराज, छत्रपति शिवाजी महाराज के पुत्र थे।

‘सिर्फ औरंगजेब ही टारगेट क्यों?’-  उदित राज

कांग्रेस नेता उदित राज ने कहा, 'मैं अबू आजमी के बयान का समर्थन करता हूं। अबू आजमी कुछ गलत नहीं बोले हैं। औरंगजेब ने मस्जिद भी तोड़ी थी, राजा लोग तो करते ही थे एक-दूसरे को प्रताड़ित। बड़े राजा छोटे को प्रताड़ित करते थे, सिर्फ एक राजा को टारगेट करना गलत है। हिंदू में भी क्रूर राजा हुए। सिर्फ औरंगजैब को ही टारगेट क्यों?'

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अबू आजमी ने क्या कहा था?

आजमी ने मुंबई में मीडिया से बात करते हुए कहा था, 'सारा गलत इतिहास दिखाया जा रहा है। औरंगजेब ने कई मंदिर बनवाए। औरंगजेब क्रूर नहीं था।' एक समाचार चैनल के साथ इंटरव्यू में सपा नेता ने कहा- ‘मैंने औरंगजेब के बारे में जितना पढ़ा है, उसने कभी भी जनता का पैसा अपने लिए नहीं लिया, उसका शासन बर्मा (वर्तमान म्यांमार) तक फैला हुआ था, उस समय देश को सोने की चिड़िया कहा जाता था। उन्होंने कहा, मुझे लगता है कि वह एक महान प्रशासक थे, उसकी सेना में कई हिंदू कमांडर थे।’

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Published By:
 Nidhi Mudgill
पब्लिश्ड