2000 पुलिसकर्मियों की तैनाती, चप्पे-चप्पे पर नजर..आज से विवेकानंद रॉक पर PM मोदी का 45 घंटे का ध्यान

PM Modi के इस कार्यक्रम के लिए दो दिनों तक समुद्र तट पर पर्यटकों को जाने की इजाजत नहीं होगी।

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Prime Minister Narendra Modi meditating
साधना में लीन होंगे पीएम मोदी | Image: PTI/ File Photo

PM Modi Meditation: आज (30 मई) को लोकसभा चुनाव 2024 के प्रचार का शोर थम जाएगा। एक जून को आखिरी चरण के लिए वोटिंग है, जिससे 48 घंटे पहले चुनाव प्रचार पर खत्म हो जाएगा। प्रचार के समापन के साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी साधना में लीन हो जाएंगे।

कन्याकुमारी के विवेकानंद रॉक मेमोरियल पर 45 घंटे का ध्यान करेंगे। वह 30 मई की शाम से लेकर एक जून तक विवेकानंद रॉक मेमोरियल के हॉल 'ध्यान मंडपम' में ध्यान करेंगे। यह मेमोरियल स्वामी विवेकानंद के प्रति श्रद्धांजलि के तौर पर बनाया गया है। यह जगह खास इसलिए है क्योंकि वहीं पर स्वामी विवेकानंद तपस्या में लीन हुए थे और कहा जाता है कि यहीं उन्हें भारत के दर्शन हुए थे।

सुरक्षा के कड़े इंतजाम

पीएम मोदी के इस कार्यक्रम के लिए दो दिनों तक समुद्र तट पर पर्यटकों को जाने की इजाजत नहीं होगी। पीटीआई के अनुसार, आज यानी गुरुवार से एक जून शनिवार तक समुद्र तट को पर्यटकों के लिए बंद किया गया है। प्राइवेट बोट्स (नावों) को वहां जाने की इजाजत नहीं होगी।

पीएम मोदी के ध्यान के दौरान कड़ी निगरानी रखने के लिए 2 हजार पुलिसकर्मी की तैनाती की गई है। विभिन्न सुरक्षा एजेंसियां पीएम मोदी के इस कार्यक्रम पर नजर रखेंगे।

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पीएम मोदी के कार्यक्रम का शेड्यूल

जानकारी के अनुसार पीएम मोदी सबसे पहले तिरुवनंतपुरम पहुंचेंगे। यहां से वह Mi-17 हेलीकॉप्टर से कन्याकुमारी जाएंगे। वह यहां सूर्यास्त देखेंगे और फिर साधना में लीन हो जाएंगे। इसके बाद एक जून को साढ़े तीन बजे तक वह कन्याकुमारी से वापस लौटेंगे।

यहीं स्वामी विवेकानंद ने लगाया था ध्यान

बता दें कि ऐसा पहली बार नहीं जब चुनाव के बाद पीएम मोदी ध्यान लगाने वाले हैं। 2019 लोकसभा चुनाव के प्रचार अभियान के बाद भी पीएम केदारनाथ की एक गुफा में इसी तरह ध्यान पर बैठे थे। भाजपा पदाधिकारियों ने बताया कि जिस स्थान पर प्रधानमंत्री ध्यान लगाएंगे उसका विवेकानंद के जीवन पर बड़ा प्रभाव था। देशभर में घूमने के बाद विवेकानंद यहीं पहुंचे थे और उन्होंने तीन दिन तक ध्यान लगाया था और एक विकसित भारत का सपना देखा था।

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Published By:
 Ruchi Mehra
पब्लिश्ड