
Uttarkashi Rescue: अबतक 500 से ज्यादा लोगों को सुरक्षित निकाला, चिनुक और Mi-17V5 हेलिकॉप्टर से रेस्क्यू जारी, 3 दिन बाद कैसे हैं हालात?
Uttarkashi Cloud Burst: उत्तराखंड के धराली इलाके में बादल फटने से मची तबाही के बाद राहत और बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी है। रेस्क्यू ऑपरेशन में चिनूक और MI-17V5 हेलीकॉप्टर महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। वहींं मलबे में ढके गांव में जिंदगी की तलाश जारी है।
- फोटो गैलरी
- 2 min read
मलबे में ढके धराली में जिंदगी की तलाश जारी है, दूसरी ओर ऑपरेशन जिंदगी के तहत अब तक 500 से ज्यादा लोगों को सुरक्षित निकाला जा चुका है, जिसमें चिनुक और Mi-17V5 हेलिकॉप्टर अहम भूमिका निभा रहे हैं।
उत्तराखंड के उत्तरकाशी में बादल फटने के बाद मलबे में दबे जीवित लोगों को बचाने के लिए राहत और बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी है।
Advertisement
धराली में बचाव कार्य में भारतीय सेना, SDRF, BRO, ITBP, NDRF और वायु सेना की टीमें शामिल हैं।
रेस्क्यू ऑपरेशन में चिनूक और MI-17V5 हेलीकॉप्टर महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इन हेलीकॉप्टरों के जरिए लोगों को सुरक्षित निकाला जा रहा है, प्रभावित इलाकों में जरूरी सामग्री पहुंचाई जा रही है।
Image: RepublicAdvertisement
गंगोत्री धाम में फंसे लोगों को हेलीकॉप्टर से रेस्क्यू किया गया, धराली से यह इलाका बेहद नजदीक है और गंगोत्री धाम की यात्रा का प्रमुख पड़ाव है। ऐसे में धाम पर पहुंचे तीर्थयात्री बीच में फंस गए थे।
Image: @IAF_MCC
BRO और PWD की टीमें युद्धस्तर पर सड़क बहाली का कार्य कर रही हैं। गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित लिमचा गाड़ पुल के टूटने के बाद, वहां वैली ब्रिज का निर्माण कार्य तेजी से किया जा रहा है।
धराली की घाटियों में रेस्क्यू ऑपरेशन कई चुनौतियों का सामना कर रहा है। भगीरथी नदी का कटाव और पुलों और सड़कों के टूटने से रेस्क्यू कार्य में परेशानी हो रही है।
CM पुष्कर सिंह धामी ने राहत और बचाव कार्य की निगरानी के लिए उच्च स्तरीय बैठक बुलाई है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे राहत और बचाव कार्य में तेजी लाएं, हर संभव मदद पहुंचाएं।
भारतीय सेना, SDRF, BRO और बाकी एजेंसियों की टीमें अपनी पूरी ताकत के साथ रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही हैं। उम्मीद है कि जल्द ही सभी प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकाल लिया जाएगा।