'सेलिब्रिटीज सॉफ्ट टारगेट बन चुके हैं...'; 10 लाख की धोखाधड़ी मामले में अरेस्ट वारंट जारी होने पर आया सोनू सूद का रिएक्शन
Sonu Sood on Arrest Warrant: सोनू सूद ने अपने अरेस्ट वारंट पर कड़ा रिएक्शन दिया है जो लुधियाना की न्यायिक मजिस्ट्रेट रमनप्रीत कौर ने उनके खिलाफ जारी किया है।
- मनोरंजन समाचार
- 3 min read

Sonu Sood on Arrest Warrant: बॉलीवुड एक्टर सोनू सूद ने अपने अरेस्ट वारंट पर कड़ा रिएक्शन दिया है जो लुधियाना की न्यायिक मजिस्ट्रेट रमनप्रीत कौर ने उनके खिलाफ जारी किया था। बता दें कि लुधियाना के वकील राजेश खन्ना ने मोहित शुक्ला के खिलाफ 10 लाख रुपये की धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया था जिसमें सोनू सूद को गवाही देने के लिए तलब किया गया था।
राजेश खन्ना ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि उन्हें नकली रिजिका सिक्के में निवेश करने का लालच दिया गया था। सोनू सूद को गवाही देने के लिए बार-बार समन भेजा दिया लेकिन वो कोर्ट में पेश नहीं हुए। जिस कारण मजिस्ट्रेट ने उनके खिलाफ अरेस्ट वारंट जारी कर दिया।
सोनू सूद ने अरेस्ट वारंट पर तोड़ी चुप्पी
अब फतेह स्टार सोनू सूद ने शुक्रवार को सोशल मीडिया के जरिए इस मामले पर चुप्पी तोड़ दी है। उन्होंने लिखा कि इस केस में उनके वकीलों ने जवाब दिया है और 10 फरवरी को वह इस मामले में अपनी गैर-भागीदारी को लेकर एक बयान देंगे। वे इसके खिलाफ सख्त एक्शन भी लेंगे।
उन्होंने लिखा, “हम यह साफ कर देते हैं कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर फैल रही खबरें बेहद सनसनीखेज हैं। सीधे शब्दों में कहें तो, हमें एक तीसरे पक्ष से संबंधित मामले में माननीय कोर्ट द्वारा गवाह के रूप में बुलाया गया था, जिससे हमारा कोई संबंध नहीं है”।
Advertisement
सोनू सूद ने अपने पोस्ट के अंत में लिखा कि ये दुखद है कि कैसे सेलिब्रिटीज "सॉफ्ट टारगेट" बन चुके हैं। उनके मुताबिक, “हम किसी भी तरह से ना इसके ब्रांड एंबेसेडर हैं और ना ही इससे जुड़े हैं। ये ध्यान खींचने के लिए बेवजह की मीडिया अटेंशन है”।
सोनू सूद के खिलाफ क्यों जारी हुआ अरेस्ट वारंट?
गिरफ्तारी वारंट की कॉपी की एक फोटो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। कोर्ट के आदेश में लिखा था- “सोनू सूद को समन या वारंट दिया गया था लेकिन वो उपस्थित होने में विफल रहे हैं (समन या वारंट की तामील से बचने के लिए फरार हो गए हैं और बाहर निकल गए हैं)। आपको आदेश दिया जाता है कि उक्त सोनू सूद को गिरफ्तार किया जाए और अदालत के सामने लाया जाए।”