अपडेटेड 11 February 2026 at 23:00 IST

Q3 Results: बाबा रामदेव की कंपनी पतंजलि फूड्स की कमाई में जोरदार उछाल, 9 महीने में 29000 करोड़ का रेवेन्यू

Patanjali Foods Q3 Results: पतंजलि फूड्स ने Q3 FY26 में ₹10,483 करोड़ का अब तक का सर्वोच्च तिमाही राजस्व दर्ज किया। FMCG सेक्टर का योगदान 30% के पार और बिस्किट-घी श्रेणी में जबरदस्त वृद्धि। जानें कंपनी की भविष्य की रणनीति और ₹1,000 करोड़ के नए निवेश की पूरी जानकारी।

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Patanjali Foods Q3 Results FY26
Patanjali Foods Q3 Results FY26 | Image: Patanjali Foods

Q3 Results: पतंजलि फूड्स लिमिटेड ने वित्त वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही (Q3 FY26) में ऐतिहासिक प्रदर्शन दर्ज करते हुए अब तक का अपना सर्वोच्च तिमाही राजस्व हासिल किया है और लगातार दूसरी तिमाही में रिकॉर्ड प्रदर्शन किया है। वैश्विक स्तर पर कमोडिटी कीमतों में उतार-चढ़ाव, रुपये-डॉलर विनिमय दर में अस्थिरता और व्यापक आर्थिक दबाव जैसी चुनौतियों के बावजूद कंपनी ने मजबूत वृद्धि और संतुलित लाभप्रदता (Balanced profitability) बनाए रखी है। Q3 FY26 में कंपनी का परिचालन से कुल राजस्व ₹10,483 करोड़ रहा, जबकि 9 महीनों (9M FY26) का परिचालन से कुल राजस्व राजस्व ₹29,013 करोड़ तक पहुंच गया, जो अब तक का सर्वाधिक है। तिमाही का EBITDA ₹492 करोड़ रहा और EBITDA मार्जिन 4.69% दर्ज किया गया।

FMCG का 30% से अधिक योगदान

कंपनी की विकास यात्रा में FMCG (तेजी से बिकने वाले उपभोक्ता उत्पाद) व्यवसाय प्रमुख वृद्धि इंजन के रूप में उभरा है और अब यह कुल राजस्व में 30% से अधिक योगदान दे रहा है। यह कंपनी की रणनीतिक दिशा में बदलाव को दर्शाता है, जहां खाद्य तेल पर निर्भरता कम कर विविध उपभोक्ता उत्पादों की ओर मजबूती से विस्तार किया जा रहा है। 9M FY26 में FMCG से ₹3,248 करोड़ का राजस्व प्राप्त हुआ और इस अवधि में मार्जिन 11% से अधिक रहा।

तिमाही के दौरान FMCG EBITDA ₹353 करोड़ रहा, जिसमें मार्जिन 10% से अधिक दर्ज किया गया। होम एवं पर्सनल केयर (HPC) खंड ने भी प्रभावशाली प्रदर्शन करते हुए ₹628 करोड़ का राजस्व और ₹157 करोड़ का EBITDA दर्ज किया, जिसमें मार्जिन लगभग 25% के आसपास रहा। यह वृद्धि स्थिर मांग, प्रभावी मूल्य निर्धारण रणनीति और मजबूत वितरण नेटवर्क का परिणाम है।

उत्पाद श्रेणियों में भी उल्लेखनीय प्रगति देखी गई, जहां घी की बिक्री में 46% और बिस्किट श्रेणी में 26% की वर्ष-दर-वर्ष वृद्धि दर्ज की गई। ₹1,000 करोड़ से अधिक बिक्री वाला 'दूध' बिस्किट ब्रांड वित्त वर्ष 2026 के पहले 9 महीनों में ही पिछले पूरे वर्ष की बिक्री को पार कर गया, जो ब्रांड की मजबूत मांग और उपभोक्ताओं की दोबारा खरीद की प्रवृत्ति को दर्शाता है।

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खाद्य तेल कंपनी का मजबूत आधार

खाद्य तेल व्यवसाय कंपनी का मजबूत आधार बना हुआ है, जिसने तिमाही में ₹7,336 करोड़ का राजस्व अर्जित किया और 2.39% का EBITDA मार्जिन दर्ज किया। उल्लेखनीय है कि लगभग 85% बिक्री ब्रांडेड तेलों से हुई, जो उच्च गुणवत्ता और ब्रांड-आधारित विकास पर कंपनी के फोकस को दर्शाता है, भले ही कमोडिटी बाजार में अस्थिरता बनी रही हो।

कंपनी दीर्घकालिक प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त के लिए बैकवर्ड इंटीग्रेशन पर भी विशेष ध्यान दे रही है। ऑयल पाम प्लांटेशन क्षेत्र 1.08 लाख हेक्टेयर से अधिक हो चुका है और 12 राज्यों में 78,000 से अधिक किसानों तथा 202 किसान उत्पादक संगठनों (FPO) के साथ साझेदारी स्थापित की गई है। 13.82 लाख मीट्रिक टन क्षमता वाले प्रोसेसिंग मिल संचालित हो रहे हैं और मिजोरम तथा तेलंगाना में नए मिल स्थापित किए जा रहे हैं, जिससे भविष्य की आपूर्ति सुरक्षा और लागत स्थिरता सुनिश्चित होगी।

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भारत में कंपनी का तेजी से हो रहा विस्तार

वैश्विक स्तर पर कंपनी का निर्यात विस्तार जारी है, जहां तिमाही के दौरान 25 देशों और 9 महीनों में 36 देशों तक उत्पादों की आपूर्ति की गई। भारत में कंपनी का वितरण नेटवर्क 20 लाख से अधिक रिटेल टचपॉइंट तक फैला हुआ है, साथ ही D2C और ई-कॉमर्स चैनलों में भी तेजी से विस्तार हो रहा है, जो कंपनी को प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त प्रदान करता है।

6 राज्यों में ₹1,000 करोड़ का निवेश

सतत विकास के प्रति प्रतिबद्धता के तहत नवीकरणीय ऊर्जा उपयोग में 20% की वृद्धि दर्ज की गई है। कंपनी के पास 84.6 मेगावाट की कुल क्षमता में से 18.6 मेगावाट कैप्टिव विंड पावर है, जो ऊर्जा दक्षता और लागत प्रबंधन को मजबूत करता है। वर्ष के दौरान कंपनी ने खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय के साथ 6 राज्यों में ₹1,000 करोड़ के निवेश हेतु समझौता किया और विश्व सीमा शुल्क संगठन तथा भारतीय सीमा शुल्क विभाग से AEO-Tier 2 प्रमाणन प्राप्त कर आपूर्ति श्रृंखला सुरक्षा और पारदर्शिता में उत्कृष्टता का प्रमाण दिया।

मजबूत बाजार स्थिति, सुदृढ़ वित्तीय आधार और दीर्घकालिक मूल्य सृजन पर केंद्रित रणनीति के साथ पतंजलि फूड्स लिमिटेड निकट अवधि की अस्थिरताओं का सफलतापूर्वक सामना करने और विकसित हो रहे FMCG परिदृश्य में नए विकास अवसरों का लाभ उठाने के लिए पूरी तरह तैयार है। कंपनी परिचालन दक्षता, लागत अनुशासन और बैकवर्ड इंटीग्रेशन के माध्यम से सतत और मजबूत विकास के प्रति प्रतिबद्ध है। 

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Published By : Shashank Kumar

पब्लिश्ड 11 February 2026 at 23:00 IST