ट्रंप की हत्या करना चाहता है ईरान? अमेरिकी राष्ट्रपति का बड़ा दावा, कहा- वे पागल लोग, मैं उनकी किल लिस्ट में नंबर 1...
US Iran News: सीजफायर टूटने के बाद अमेरिका ने ईरान पर ताबड़तोड़ हमले शुरू कर दिए है। इन हमलों में ईरान के कई शहरों को निशाना बनाया गया। ताजा तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान उनकी हत्या करना चाहता है।
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
- 4 min read
Donald Trump statement: अमेरिका और ईरान के बीच सीजफायर टूट चुका है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ऐलान के बाद अमेरिकी सेना ने ईरान के बंदर अब्बास और सीरिक समेत कई इलाकों को धुआं-धुआं कर दिया है। इन हमलों में ईरान में बड़े रेलवे ब्रिज को निशाना बनाया गया है। इसके अलावा मूसा द्वीप पर भी अटैक किया गया। ट्रंप ने इसे होर्मुज में जहाजों पर हुए हमलों का बदला बताया।
‘वो एक हमला करेंगे तो हम 20…’
ईरान पर अमेरिकी सेना की कार्रवाई के बाद राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि हमने उन्हें 20 के मुकाबले 1 के हिसाब से जवाब दिया। हर बार जब वे हम पर हमला करेंगे, तो हम उन पर 20 हमले करेंगे, यह पिछली रात का बदला था। असल में उन्होंने तीन नावों पर हमला किया था, दो पर नहीं। जब वे हमला करते हैं, तो हम कहीं ज्यादा जोरदार जवाब देते हुए हैं।
उन्होंने दावा कि वो ईरान की किल लिस्ट में पहले नंबर पर हैं। ट्रंप ने कहा कि ये (ईरानी) बीमार मानसिकता वाले लोग हैं... मुझे हर समय खतरा रहता है। मैं उनकी लिस्ट में नंबर वन पर हूं, लेकिन अगर मैं गया, तो आप भी जाएंगे। शायद, किसी दिन आप अपना पेशा बदलना चाहें।
‘वे बहुत बुरी तरह से डील करना चाहते हैं, लेकिन…’
अमेरिकी राष्ट्रपति ने आगे कहा कि हम पहले ही सैन्य रूप से जीत चुके हैं। उनके पास बहुत कम बचा है, उन्होंने कुछ देर पहले ही फोन किया था। वे बहुत बुरी तरह से डील करना चाहते हैं। मुझे बस यह नहीं पता कि क्या वे डील करने लायक हैं। मुझे नहीं पता कि वे डील का सम्मान करेंगे या नहीं।
वहीं, जब उनसे सवाल हुआ कि "अगर ईरान इतनी बुरी तरह से डील करना चाहता है, तो आपको क्या लगता है कि उन्होंने कमर्शियल जहाजों पर हमला क्यों किया?" इस पर जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि वे थोड़े पागल किस्म के हैं, वे थोड़े काबू से बाहर हैं, लेकिन वे डील करना चाहते हैं। बहुत बुरी तरह से।
इससे पहले बीते दिन भी ट्रंप ने कहा था कि ईरान उनकी हत्या की साजिश रच रहा है। नाटो शिखर सम्मेलन के मौके पर पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने कहा था कि मैं उनकी हर लिस्ट में हूं। मुझे अब तक थोड़ी किस्मत का साथ मिला है, लेकिन शायद हमेशा नहीं चलेगा। वे बुरे और बीमार लोग हैं, हमें इस कैंसर से छुटकारा पाना होगा।
क्यों टूटा सीजफायर?
अमेरिका और ईरान के बीच समझौते को लेकर बातचीत जारी थी। ट्रंप लगातार दावा कर रहे थे कि डील पक्की होने वाली है। ताजा तनाव तब बढ़ा जब ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में कई जहाजों पर हमले किए, जिसके जवाब में अमेरिका ने यह कार्रवाई की है।
अमेरिकी हमलों के बाद ईरान का दक्षिणी बंदरगाह शहर चाबहार पूरी तरह अंधेरे में डूब गया है और वहां की बिजली गुल हो गई है। ईरानी सरकारी मीडिया एजेंसी 'इरना' (IRNA) के अनुसार, चाबहार और उसके पास स्थित तटीय शहर कोनारक में लगभग 10 जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं। मीडिया रिपोर्टों में यह भी बताया गया है कि इन हमलों का असर अन्य इलाकों पर भी पड़ा है, जिसके तहत बुशहर शहर (जहां परमाणु ऊर्जा संयंत्र स्थित है), अबू मूसा द्वीप और सीरिक के तहरौयी गांव के पास भी भीषण विस्फोट होने की खबरें सामने आई हैं।
वहीं, ईरान की ओर से भी पलटवार किया जा रहा है। बहरीन और कुवैत में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर किए गए मिसाइल और ड्रोन से हमले किए गए, जिससे मिडिल ईस्ट में फिर तनाव चरम पर पहुंच गया है। इन हमलों के कारण खाड़ी क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को हाई अलर्ट पर रखा गया है और वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल दर्ज किया जा रहा है।
Published By : Ruchi Mehra
पब्लिश्ड 9 July 2026 at 07:31 IST