अपडेटेड 22 January 2026 at 16:49 IST
Board Of Peace: डोनाल्ड ट्रंप ने 'बोर्ड ऑफ पीस' का किया ऐलान, UN के साथ मिलकर करेगा काम; फिर बोले- मैंने 8 युद्ध रुकवाए...
Board of Peace: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गाजा युद्ध और अन्य वैश्विक विवादों को सुलझाने के लिए 'बोर्ड ऑफ पीस' के गठन का औपचारिक ऐलान कर दिया। बोर्ड में दुनिया के कई देशों के राष्ट्राध्यक्ष और शीर्ष नेता शामिल हैं। ट्रंप ने कहा कि इसमें शामिल होने के लिए कई देश उत्सुक हैं।
Board of Peace: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गाजा में पुनर्निर्माण के कामों के लिए 'बोर्ड ऑफ पीस' के गठन का ऐलान किया है। ट्रंप ने अन्य सदस्यों के साथ स्विट्जरलैंड के दावोस में 'बोर्ड ऑफ पीस चार्टर' पर साइन किए। इस मौके पर राष्ट्रपति ट्रंप ने दावा किया कि हर कोई इसका हिस्सा बनना चाहता है।
हालांकि शुरू में गाजा के लिए बनाया गया, लेकिन ट्रंप इससे वैश्विक स्तर पर संघर्ष सुलझाने का दावा कर रहे हैं। उन्होंने भारत, पाकिस्तान, जॉर्डन, हंगरी, तुर्की, मिस्र और अर्जेंटीना समेत कई देशों के नेताओं को शामिल होने के लिए निमंत्रण दिए। पाकिस्तान समेत कई देश इसमें शामिल हुए हैं। वहीं भारत, चीन समेत कई देशों ने फिलहाल इससे दूरी बनाई है।
ट्रंप ने फिर किया 8 युद्ध सुलझाने का दावा
'बोर्ड ऑफ पीस' के ऐलान करते हुए अमेरिकी राष्ट्रपति ने फिर 8 युद्ध को सुलझाने का दावा किया। इस दौरान ट्रंप ने फिर भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष रुकवाने के दावे को भी दोहराया। उन्होंने कहा, “आज दुनिया एक साल पहले के मुकाबले ज्यादा अमीर, सुरक्षित और बहुत ज्यादा शांतिपूर्ण है। हमने कई झगड़े खत्म किए। बहुत से लोगों को नहीं पता था, मुझे भी नहीं कि इनमें से कुछ युद्ध चल रहे थे।"
भारत-पाकिस्तान संघर्ष का भी किया जिक्र
उन्होंने आगे कहा कि एक मामले में एक झगड़ा 32 साल तक चला, दूसरे में 35 साल और एक में 37 साल। हम बहुत खुश थे कि हमने भारत और पाकिस्तान, जो दो न्यूक्लियर देश हैं, के बीच शुरू हुआ युद्ध रुकवा दिया। मुझे बहुत गर्व महसूस हुआ जब पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप ने बहुत बुरी चीजें होने से ठीक पहले इसे रुकवाकर 10, शायद 20 मिलियन लोगों की जान बचाई।
उन्होंने रूस और यूक्रेन युद्ध को लेकर भी बड़ा बयान दिया। ट्रंप ने कहा, "मिडिल ईस्ट में शांति है। किसी ने सोचा भी नहीं था कि ऐसा हो सकता है। हमने आठ युद्ध सुलझा लिए हैं। मुझे लगता है कि एक और जल्द ही होने वाला है। आप जानते हैं कि वह कौन सा है? जिसके बारे में मैंने सोचा था कि वह आसान होगा, लेकिन वह शायद सबसे मुश्किल साबित हुआ है। पिछले महीने 29,000 लोग मारे गए। उससे पिछले महीने 27,000, उससे पिछले महीने 26,000। यह बहुत बुरा है। हालांकि, हमारी मीटिंग्स होती हैं जहां हमें लगता है कि हम बहुत तरक्की कर रहे हैं।"
Published By : Ruchi Mehra
पब्लिश्ड 22 January 2026 at 16:49 IST