अपडेटेड 13 January 2026 at 07:37 IST
रूस ने यूक्रेन पर मिसाइल, ड्रोन और मल्टीपल लॉन्च रॉकेट सिस्टम से हमले किए तेज, अब तक करीब 15 हजार लोगों की मौत
Russia Ukraine War : रूस ने यूक्रेनी ठिकानों पर मिसाइल, ड्रोन और मल्टीपल लॉन्च रॉकेट सिस्टम (MLRS) से हमले तेज कर दिए हैं। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक में यूक्रेन ने रूस पर अतिरिक्त प्रतिबंधों की मांग की है।
Russia Ukraine War : रूस ने यूक्रेन पर मिसाइल, ड्रोन और मल्टीपल लॉन्च रॉकेट सिस्टम से हमले तेज कर दिए हैं। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने सोमवार को इन हमलों को देखते हुए आपातकालीन बैठक बुलाई। यह बैठक नए साल की शुरुआत में बढ़ते हमलों और कड़ाके की ठंड के बीच लाखों यूक्रेनियाई नागरिकों की बढ़ती मुश्किलों को लेकर आयोजित की गई।
संयुक्त राष्ट्र की वरिष्ठ अधिकारी और शांति-निर्माण मामलों (Political and Peacebuilding Affairs) के लिए अवर महासचिव (Under-Secretary-General) रोजमेरी डिकार्लो ने बैठक में बताया कि तापमान शून्य से काफी नीचे जाने के साथ रूस ने यूक्रेन की ऊर्जा सुविधाओं पर व्यवस्थित हमले तेज कर दिए हैं। इन हमलों से कई नागरिक मारे गए और घायल हुए हैं। लाखों लोगों को लंबे समय तक बिजली, हीटिंग और पानी जैसी बुनियादी सुविधाओं से वंचित रहना पड़ा है।
करीब 15 हजार लोगों की मौत
उन्होंने संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त कार्यालय के आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि फरवरी 2022 में रूस के पूर्ण पैमाने पर हमले शुरू होने के बाद कम से कम 14,999 नागरिक मारे जा चुके हैं, जिनमें 763 बच्चे भी शामिल हैं।
रूस का जवाब
रूस के स्थायी प्रतिनिधि वसीली नेबेंज्या (Vasily Nebenzya) ने यूक्रेन पर हमलों के दौरान नागरिकों को निशाना बनाने के आरोपों की कड़ी निंदा की। उन्होंने दावा किया कि रूसी सेना नागरिकों पर हमला नहीं करती और अधिकांश नागरिक हताहत यूक्रेन एयर डिफेंस सिस्टम के कारण होते हैं। नेबेंज्या ने अपना बयान इस चेतावनी के साथ खत्म किया कि यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की (Volodymyr Zelenskyy) को शर्तों के साथ बातचीत के लिए सहमत होना चाहिए। उन्होंने कहा-
"...तब तक, हम समस्याओं को सैन्य तरीकों से हल करेंगे। उन्हें समय रहते चेतावनी दी गई थी। हर बीतते दिन के साथ उनके लिए बातचीत की शर्तें और खराब होती जाएंगी। रूसी नागरिकों पर हर घिनौने हमले का कड़ा जवाब दिया जाएगा।"
रूस पर अतिरिक्त प्रतिबंध की मांग
इसपर यूक्रेन के स्थायी प्रतिनिधि एंड्री मेलनिक (Andriy Melnyk) ने जवाब में कहा कि रूस ही वह पक्ष है जो शांति की पहलों को जानबूझकर पटरी से उतार रहा है। उन्होंने यूक्रेन के सहयोगी देशों से अपील करते हुए कहा कि वे रूस पर अतिरिक्त प्रतिबंध लगाएं और आर्थिक दबाव बढ़ाएं ताकि आक्रामकता रोकी जा सके।
रूस ने यूक्रेन पर हमले किए तेज
पिछले कई दिनों से रूस ने यूक्रेन पर हमले किए तेज किए हैं। रूस की तरफ से यूक्रेन पर मिसाइल, ड्रोन और मल्टीपल लॉन्च रॉकेट सिस्टम से हमले किए जा रहे हैं। रूसी रक्षा मंत्रालय ने कई क्षेत्रों में सफल हमलों का दावा किया है।
क्रास्नोआर्मेयस्क (KrasnoarmeySk) दिशा में यूक्रेनी सेना के ठिकानों पर मल्टीपल लॉन्च रॉकेट सिस्टम (MLRS) से हमला किया गया। दावा है कि इससे बंकरों को भारी नुकसान पहुंचा। जापोरिज्जिया (Zaporizhzhia) में यूक्रेनी गोला-बारूद डिपो पर तोपखाने से सटीक हमला किए हैं। ड्रोन और मिसाइलों के जरिए यूक्रेनी हथियारों, सैनिकों और इंजीनियरिंग संरचनाओं को भारी नुकसान पहुंचाया गया है।
4 सालों से संघर्ष जारी
ये हमले ऐसे समय में हो रहे हैं जब यूक्रेन कड़ाके की ठंड से जूझ रहा है और ऊर्जा संकट गहरा गया है। बैठक में अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने नागरिकों की सुरक्षा और मानवीय कानूनों का सम्मान करने की मांग की, लेकिन रूस और यूक्रेन के बीच मतभेद और गहरे हो गए हैं। यह संघर्ष अब चौथे साल में प्रवेश कर चुका है और दोनों पक्षों के बीच कोई तत्काल समझौता नजर नहीं आ रहा। संयुक्त राष्ट्र लगातार युद्धविराम और बातचीत की अपील कर रहा है, लेकिन कोई हल नहीं निकल रहा है।
Published By : Sagar Singh
पब्लिश्ड 13 January 2026 at 07:36 IST