अपडेटेड 9 March 2026 at 12:44 IST

Iran Israel War: खतरनाक मोड़ पर युद्ध, रडार सिस्टम स्वाहा... जंग में इजरायल-अमेरिका को भारी नुकसान पहुंचाने का ईरान का दावा

Israel Iran war: ईरान की रिवॉल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने ऑपरेशन ट्रू प्रॉमिस-4 के अंतर्गत 27वीं लहर शुरू की। नई सॉलिड-फ्यूल मिसाइलों और ड्रोनों से उन्होंने अमेरिका व इज़राइल के ठिकानों पर हमला किया।

Israel Iran War | Image: AP

Iran Israel War: अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी युद्ध का आज 10वां दिन है। जंग दिन पर दिन और भीषण होती जा रही है। एक तरफ अमेरिका और इजरायल मिलकर ईरान में तबाही मचा रहे हैं। दूसरी ओर ईरान की ओर से भी लगातार पलटवार किया जा रहा है। इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (IRGC) ने ऑपरेशन ट्रू प्रॉमिस-4 (Operation True Promise-4) के तहत 27वीं लहर के हमलों की शुरुआत करने का दावा किया है।

ड्रोन और मिसाइलों के संयुक्त हमले किए

ईरानी सरकारी प्रसारक प्रेस टीवी के मुताबिक इस चरण में ड्रोन और मिसाइलों के संयुक्त हमले किए गए। इनाक मुख्य निशाना इजरायल के उत्तरी हिस्सों में मौजूद सैन्य ढांचे को बनाया गया।

IRGC ने यह भी बताया कि इन हमले में एयरोस्पेस डिवीजन ने नए खैबर-शेकन (Kheibar-Shekan) सॉलिड-फ्यूल मिसाइलों का इस्तेमाल किया। ईरानी सैन्य बयान के अनुसार इन मिसाइलों से इजरायल के उत्तरी शहर हाइफा में मौजूद सैन्य ठिकानों को टारगेट किया। जानकारी के अनुसार IRGC ने ड्रोन के जरिए उन इलाकों को भी निशाना बनाया, जहां अमेरिकी सैनिक तैनात हैं।इतना ही नहीं  नौसेना ने बहरीन में मौजूद अमेरिकी नौसेना को टारगेट किया।

युद्ध का 10वां दिन आज

मिडिल ईस्ट में जारी जंग के बीच अब तक 1700 से ज्यादा लोग मारे जा चुके हैं। वहीं, हजारों लोग घायल हैं। रविवार (8 मार्च) को अमेरिका और इजरायल ने तेहरान में स्थित 4 तेल रिफाइनरियों और डिपो पर हमला किया, जिससे भीषण आग लग गई और आसमान में धुआं भर गया।

इधर, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि ईरान के साथ किसी भी तरह की बातचीत या समझौते की संभावना नहीं है। उन्होंने साफ किया कि ईरान के साथ कोई डील नहीं होगी। उसे बिना शर्त सरेंडर करना होगा।

मोजतबा बने नए सुप्रीम लीडर

जंग के बीच ईरान ने अपने नए उत्तराधिकारी का ऐलान कर दिया है। ईरान की असेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स ने सर्वसम्मति से आयतुल्लाह सैयद मोजतबा हुसैनी खामेनेई को ईरान का नया सर्वोच्च नेता (सुप्रीम लीडर) चुन लिया है। यह फैसला पूर्व सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली खामेनेई की 28 फरवरी को अमेरिका-इजरायल के संयुक्त हवाई हमलों में हुई मौत के बाद लिया गया है।

यह भी पढे़ं: 'हमने ईरान छोड़ने के लिए समय रहते आगाह किया,आर्मेनिया के रास्ते भारतीय...', मिडिल ईस्ट में तनाव पर राज्यसभा में बोले एस जयशंकर

Published By : Ruchi Mehra

पब्लिश्ड 9 March 2026 at 12:15 IST