अपडेटेड 11 January 2026 at 14:40 IST
X पर अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंध की तैयारी? ब्रिटेन, कनाडा और ऑस्ट्रेलिया बना रहे संयुक्त कार्रवाई की योजना
ब्रिटेन के पीएम कीर स्टार्मर कनाडा और ऑस्ट्रेलिया के साथ मिलकर एलन मस्क के प्लेटफॉर्म X पर प्रतिबंध की तैयारी कर रहे हैं। इसका कारण है Grok AI द्वारा महिलाओं-बच्चों की Deepfake तस्वीरें बनाना। अगर फीचर नहीं हटाया गया तो ब्रिटेन Online Safety Act के तहत X बैन कर सकता है।
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर (Keir Starmer) की सरकार ने एलन मस्क के स्वामित्व वाले सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर प्रतिबंध लगाने के लिए कनाडा और ऑस्ट्रेलिया के साथ बातचीत शुरू कर दी है। यह कदम X के AI टूल Grok के जरिए महिलाओं और बच्चों की नकली (Deepfake) तस्वीरें बनाने की बढ़ती शिकायतों के बाद उठाया गया है।
वीदेशी मीडिया के अनुसार, ब्रिटेन, कनाडा और ऑस्ट्रेलिया इस मुद्दे पर एक संयुक्त कार्रवाई की योजना बना रहे हैं, ताकि मस्क पर मजबूत दबाव बनाया जा सके। अगर Grok के इस फीचर को हटाया नहीं गया, तो ब्रिटेन ऑनलाइन सेफ्टी एक्ट के तहत X पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा सकता है।
किसने क्या कहा?
ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने इस AI टूल के दुरुपयोग की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा, "यह टूल इस्तेमाल करके लोगों ने महिलाओं और बच्चों की ऐसी तस्वीरें बनाईं, जो पूरी तरह से घृणित है। यह जिम्मेदारी की कमी का एक और उदाहरण है। ऑस्ट्रेलियाई नागरिकों और पूरी दुनिया के लोगों को इससे बेहतर की उम्मीद है।"
हालांकि कनाडा की ओर से अभी प्रतिबंध की कोई पुष्टि नहीं हुई है। कनाडाई लिबरल पार्टी के सांसद इवान सोलोमन ने स्पष्ट कहा कि "कनाडा X पर प्रतिबंध लगाने पर विचार नहीं कर रहा है।" एलन मस्क ने ब्रिटिश सरकार की इस कार्रवाई को कड़ा विरोध किया है। उन्होंने लेबर पार्टी को फासीवादी करार देते हुए कहा कि मंत्री सिर्फ "सेंसरशिप के लिए कोई भी बहाना ढूंढ रहे हैं।"
ब्रिटेन की टेक्नोलॉजी सेक्रेटरी लिज केंडल ने कहा कि अगर रेगुलेटर Ofcom X को ब्लॉक करने की सिफारिश करता है, तो सरकार उसका पूरा समर्थन करेगी। अमेरिकी रिपब्लिकन कांग्रेसवुमन अन्ना पॉलिना लूना ने चेतावनी दी है कि अगर ब्रिटेन ने X पर प्रतिबंध लगाया, तो वे कीर स्टार्मर और ब्रिटेन पर प्रतिबंध लगाने का प्रस्ताव लाएंगी।
बच्चों और महिलाएं की हजारों फर्जी तस्वीर
यह विवाद तब और गहरा गया जब Grok के जरिए बनीं फर्जी तस्वीरें हजारों की संख्या में प्लेटफॉर्म पर शेयर की गईं, जिनमें बच्चे और महिलाएं शामिल थीं। ब्रिटिश प्रधानमंत्री स्टार्मर ने इसे घृणित और असहनीय बताया और Ofcom से सभी विकल्पों पर विचार करने को कहा है। अभी Ofcom कुछ दिनों में अपनी सिफारिश जारी करने वाला है।
Published By : Sagar Singh
पब्लिश्ड 11 January 2026 at 14:40 IST