इंडोनेशिया में PM मोदी का बड़ा सम्मान: 'बिंतांग आदिपूर्णा' मेडल से नवाजा गया, भारत संग कई अहम समझौतों पर हुए हस्ताक्षर
इंडोनेशिया पहुंचे पीएम मोदी को वहां के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने अपने सर्वोच्च नागरिक सम्मान 'बिंतांग आदिपूर्णा' मेडल से नवाजा। इस दौरान दोनों देशों के बीच रक्षा, क्रिटिकल मिनरल्स, कृषि और टेक्नोलॉजी की सप्लाई चेन मजबूत करने समेत यूपीआई (UPI) को एकीकृत करने पर कई महत्वपूर्ण समझौते हुए।
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
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PM Modi in Indonesia: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 6 से 11 जुलाई तक तीन देशों के विदेश दौरे पर हैं। वे सबसे पहले इंडोनेशिया पहुंचे। यहां उन्हें एक और बड़े सम्मान से नवाजा गया। इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने पीएम मोदी को अपने सर्वोच्च सम्मान 'बिंतांग आदिपूर्णा ऑफ द रिपब्लिक ऑफ इंडोनेशिया' मेडल से सम्मानित किया। PM मोदी ने इसके लिए इंडोनेशिया का आभार व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि मुझे बहुत स्नेह, आदर के साथ इंडोनेशिया का सर्वोच्च सम्मान दिया गया है। ये सम्मान कोटि-कोटि भारतवासियों का है। इंडोनेशिया के लोगों की भावनाओं का है। भारत-इंडोनेशिया के ऐतिहासिक और आत्मीय संबंधों का है। मैं राष्ट्रपति प्रबोवो, इंडोनेशिया सरकार और यहां की जनता का हृदय से आभार व्यक्त करता हूं।
'आज से भारत-इंडोनेशिया साझेदारी का एक सुनहरा अध्याय शुरू'
पीएम मोदी ने कहा कि पिछले कुछ सालों में भारत और इंडोनेशिया के संबंधों में एक नई ऊर्जा, एक नया विश्वास, एक नई गहराई आई है। 2018 में बनी हमारी व्यापक रणनीतिक साझेदारी आज एक नई उड़ान ले रही है। हम विकास, सुरक्षा, प्रौद्योगिकी, संस्कृति और शिक्षा... हर क्षेत्र में महत्वपूर्ण कदम बढ़ा रहे हैं। मुझे विश्वास है, आज से भारत-इंडोनेशिया साझेदारी का एक सुनहरा अध्याय शुरू होगा।
कई क्षेत्रों में अहम समझौतों पर हुए हस्ताक्षर
उन्होंने बताया कि हमारे देशों के बीच बढ़ता विश्वास हमारी रक्षा, सुरक्षा और समुद्री सहयोग को मजबूत कर रहा है। आज हमने रक्षा आदान-प्रदान, आपदा प्रबंधन और औद्योगिक सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई। समुद्री पड़ोसी देशों के तौर पर, हमने ब्लू इकोनॉमी, बंदरगाहों के विकास और समुद्री व्यापार में अपना सहयोग बढ़ाने का फैसला किया है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत और इंडोनेशिया, दोनों के लिए ही गरीबी को दूर करना और यह पक्का करना कि कल्याणकारी योजनाएं हर नागरिक तक पहुंचें, सबसे बड़ी प्राथमिकताएं हैं। आज हुए समझौते से भारत की उच्च गुणवत्ता और किफायती दवाइयां इंडोनेशिया के नागरिकों को और सहजता से उपलब्ध होंगी। हम इंडोनेशिया के डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों की क्षमता निर्माण में भी योगदान देंगे। भारत में विकसित किए गए गेहूं के बीज की आपूर्ति से, इंडोनेशिया की खाद्य सुरक्षा और मजबूती होगी। हम एक दूसरे के साथ टिकाऊ खेती और कृषि-प्रौद्योगिकी में सर्वोत्तम प्रथाओं को भी साझा करेंगे।
पीएम ने कहा कि आज के युग में प्रौद्योगिकी की आपूर्ति श्रृंखला का लचीलापन बहुत मायने रखता है। महत्वपूर्ण खनिजों और इस्पात के क्षेत्र में आपूर्ति श्रृंखला को अधिक मजबूती देने के लिए भी अहम समझौता हुआ है। हमारी कंपनियों के बीच स्टेनलेस स्टील और दुर्लभ-पृथ्वी चुंबक को लेकर साझेदारी की नई शुरुआत हो रही है।
इंडोनेशिया में भी चलेगा भारत का UPI
उन्होंने कहा कि लोगों से लोगों के बीच संबंध हमारे संकल्प की सबसे बड़ी ताकत है। हमें बहुत खुशी है कि भारत की UPI इंडोनेशिया भुगतान प्रणाली के साथ एकीकृत हो रही है। इससे बिजनेस करने में आसानी और यात्रा में आसानी दोनों को ही बल मिलेगा।
पीएम ने कहा कि हम दोनों देश गुरुदेव रवीन्द्रनाथ टैगोर की ऐतिहासिक इंडोनेशिया यात्रा का शताब्दी वर्ष धूम-धाम से मनाएंगे। इंडोनेशिया की विकास यात्रा में महान शिक्षाविद और यहां के पहले शिक्षा मंत्री देवान्तरा जी का अहम योगदान रहा है। शिक्षा को लेकर उनके विचारों पर गुरुदेव टैगोर की सोच का गहरा प्रभाव था। इसलिए भारत-इंडोनेशिया इस शताब्दी वर्ष को "टैगोर और देवान्तरा Year of Cultural and Educational Diplomacy" के रूप में मनाएंगे।
Published By : Ruchi Mehra
पब्लिश्ड 7 July 2026 at 11:38 IST