Advertisement
Ghaziabad 3 Sisters News: मनोवैज्ञानिक से समझिए लड़कियों के दिमाग में क्या चल रहा था? | Korean Game
Ghaziabad 3 Sisters News Psychiatrist Kapil Kakkar ने कहा, 'यह जो गाजियाबाद सुसाइड केस सामने आया जहां तीन बच्चों ने अपनी जान ली। बहुत ही दुखद घटना है। इसके मल्टीपल रीज़ंस और फैक्टर्स हैं। पहला कि ये बच्चे बहुत सालों से दो-ती सालों से स्कूल नहीं जा रहे थे। दूसरा इनकी फैमिली में फाइनशियल क्राइसिस चल रहा था। तीसरा कि यह बच्चे पूरी टाइम घर में क्योंकि रहते थे और ज्यादा आसपास के लोगों से घुलते मिलते नहीं थे।
इन्होंने एक अपनी नई दुनिया बना ली थी जो दुनिया सीमित थी अपने घर से एक कमरे से और कमरे में जो मोबाइल फोन था और जो मोबाइल फोन में एक कोरियन वीडियो गेम थी। तो यह जो कोरियन वीडियो गेम थी यह इनके लिए कहीं ना कहीं लाइफ लाइन बन गई जो एक सोशल इंटरेक्शन में इन्होंने यूज करना शुरू किया। और जैसे ही यह सोशल इंटरेक्शन उस गेम के साथ हुआ जो भी वो डेयर्स होते थे, चैलेंजेस होते थे, वो उन चैलेंजेस को उनको किक मिलती थी।
हमारी ब्रेन के अंदर एक मॉलिक्यूल होता है जिसको हम कहते हैं डोपामिन। अब डोपामिन का क्या काम है? इट इज़ अ रिवॉर्ड गिविंग मॉलिक्यूल। तो जब भी हम कोई चीज करते हैं और वहां पे हमें रिवॉर्ड मिलता है जैसे इन बच्चों को उस गेम से मिल रहा था, वो किक मिल रहा था, वो ट्रिगर हो रहा था। वैसे ही वैसे वो बच्चे उस गेम से ज्यादा अटैच हो रहे थे और उनको एक तरह से एडिक्शन हो गई थी।'