TMC में बागी गुट हुआ हावी तो महुआ मोइत्रा का पारा हाई, पूरे मुद्दे को दिया नया ट्विस्ट; कहा- वो एंटी-BJP वोट से जीते, गुट को इस्तीफा देकर...
West Bengal: पश्चिम बंगाल में सस्ता से बाहर जाते ही ममता बनर्जी की मुश्किलें लगातार बढ़ती ही जा रही हैं। अभी तक कई टीएमसी नेताओं ने पार्टी छोड़ दिया है या बगावत पर उतार आए हैं। इस बीच महुआ मोइत्रा ने बागी गुटों पर तीखा हमला करते हुए बीजेपी पर भी निशाना साधा है।
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West Bengal: पश्चिम बंगाल 2026 विधानसभा चुनाव में बीजेपी की बंपर जीत के बाद टीएमसी गुट में कुछ ठीक नहीं चल रहा है। तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के भीतर बड़े पैमाने पर हुए राजनीतिक विद्रोह के मद्देनजर अब सांसद महुआ मोइत्रा ने गुरुवार को पार्टी के विधायकों के अलग हुए गुट पर तीखा हमला करते हुए उन पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के साथ गठबंधन करके मतदाताओं के साथ विश्वासघात करने का गंभीर आरोप लगाया। उनकी ये टिप्पणी टीएमसी के नवनिर्वाचित 80 विधायकों में से 58 द्वारा बुधवार को विधानसभा अध्यक्ष रथिंद्रनाथ बोस के कक्ष तक मार्च करने के एक दिन बाद आई है।
बागी विधायकों पर महुआ मोइत्रा का हमला
समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार मोइत्रा ने इस बात पर जोर दिया कि बागी विधायकों ने ममता बनर्जी के नेतृत्व और नाम पर ही अपनी सीटें जीतीं और उन्हें भाजपा विरोधी वोट मिले। उन्होंने बताया कि टीएमसी ने पार्टी के चिन्ह और ममता बनर्जी के नाम पर 41% वोट हासिल किए।
आगे उन्होंने कहा विद्रोहियों के स्वतंत्रता के दावे को चुनौती देते हुए मोइत्रा ने कहा कि वे केवल यह दावा नहीं कर सकते कि वे स्वतंत्र हैं। उन्होंने विद्रोहियों को अपनी सीटों से इस्तीफा देने और नए सिरे से चुनाव लड़ने की चुनौती दी, जिसे उन्होंने व्यंग्यपूर्वक "बिजेमूल" चिन्ह कहा।
पार्टी का शुद्धिकरण जरूरी
महुआ मोइत्रा ने TMC के बागी विधायकों पर तीखा प्रहार करते हुए कहा 'ममता बनर्जी ने बिल्कुल शुरुआत से काम शुरू किया। अगर आप भाजपा के खिलाफ लड़ रहे हैं, तो डरने की कोई जगह नहीं है। आप कैसे दावा कर सकते हैं कि आप असली तृणमूल हैं? मैं सभी कार्यकर्ताओं से कहना चाहती हूं कि यह ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली पार्टी है। जो लोग पार्टी छोड़ना चाहते हैं, वे छोड़ सकते हैं। दरवाजा खुला है। पार्टी का शुद्धिकरण होना चाहिए।
चुनाव आयोग पर लगाए आरोप
मोइत्रा ने चुनाव आयोग को भी निशाना बनाते हुए उस पर "भाजपा के हाथों की कठपुतली" होने का आरोप लगाया और केंद्रीय बलों के व्यवहार और चुनाव के दौरान मतदाताओं को मतदाता सूची से कथित तौर पर हटाने की आलोचना की। आगे उन्होंने कहा 'चुनाव आयोग भाजपा के इशारों पर चला। हम सबने देखा कि केंद्रीय बलों ने कैसा बर्ताव किया और मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए।
Published By : Sahitya Maurya
पब्लिश्ड 4 June 2026 at 17:51 IST