गाड़ियों पर पथराव, बसों में आगजनी और तोड़फोड़...नोएडा में श्रमिकों के प्रदर्शन में फिर बवाल, कई पुलिसकर्मी घायल; रणक्षेत्र बना सेक्टर-121
यूपी के नोएडा में कर्मचारियों का उग्र प्रदर्शन शांत नहीं हुआ है। मंगलवार को दूसरे दिन भी पुलिस की गाड़ियों पर पथराव हुआ है। जानकारी के मुताबिक सेक्टर 121 में प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव किया है।
यूपी के नोएडा में कर्मचारियों का उग्र प्रदर्शन शांत नहीं हुआ है। मंगलवार को दूसरे दिन भी पुलिस की गाड़ियों पर पथराव हुआ है। जानकारी के मुताबिक सेक्टर 121 में प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव किया है। जिसमें पुलिस वाहनों को नुकसान पहुंचा। वहीं सेक्टर 70 में हालात लगभग बेकाबू हो गए और हिंसक झड़पों के दौरान कई पुलिसकर्मी घायल हो गए। लगातार बढ़ते तनाव के बीच पुलिस बल को हालात संभालने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है।
दरअसल, सेक्टर-121 में बड़ी संख्या में जुटे मजदूरों ने अचानक पुलिस पर पत्थरबाजी शुरू कर दी। स्थिति बिगड़ते देख पुलिस ने मोर्चा संभाला और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए सख्ती दिखाई। इसी तरह सेक्टर-80 में भी पत्थरबाजी की घटनाएं सामने आईं, जहां पुलिस ने कार्रवाई करते हुए प्रदर्शनकारियों को खदेड़ दिया। वहीं सेक्टर-70 में भी मजदूरों ने विरोध प्रदर्शन किया, जहां कुछ समय के लिए पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच आमना-सामना हुआ। हालांकि पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाल लिया और लोगों को शांत कराया।
वेतन कटने का डर, गेट पर धरने पर बैठे मजदूर
मंगलवार को सेक्टर-63 स्थित एक फैक्ट्री के बाहर बड़ी संख्या में श्रमिक इकट्ठा हो गए। बताया जा रहा है कि फैक्ट्री प्रबंधन ने 15 तारीख तक छुट्टी का नोटिस जारी किया था। श्रमिकों को आशंका थी कि अगर उन्होंने हाजिरी नहीं लगाई तो उनका वेतन कट सकता है। इसी डर के चलते वे फैक्ट्री गेट पर पहुंच गए। मौके पर पहुंची पुलिस और पीएसी ने श्रमिकों को समझाकर वापस भेजा और आश्वासन दिया कि उनकी वेतन संबंधी समस्याओं का समाधान किया जाएगा।
'11 हजार में दम नहीं, 20 हजार से कम नहीं' के लगा रहे नारे
नोएडा फेज- 2 में भी सैलरी बढ़ाने को लेकर प्रोटेस्ट जारी है. प्रदर्शन कर रहे कर्मचारी 20 हजार की सैलरी की मांग पर अड़े हुए हैं। प्रदर्शनकारी '11 हजार में दम नहीं, 20 हजार से कम नहीं' के नारे लगा रहे हैं। इस दौरान जमकर पत्थरबाजी भी की गई।
नोएडा में आहूजा फैक्ट्री के कर्मचारी फैक्ट्री के बाहर शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन कर रहे हैं। कई मजदूर नई बढ़ोतरी पर सहमत नहीं है। कुछ मजदूर चाहते हैं सरकार के नए रेट कंपनी के मेन गेट पर नोटिस के रूप में लगाए जाए। मजदूरों का कहना है कि कंपनियों में कुशल और अकुशल कारीगरों का एक समान भत्ता हो।
उनका आरोप है कि नौ महीनों में ही नौकरी टर्मिनेट करके दोबारा जॉइन कराई जाति है ताकि भत्ता ना बढ़ाना पड़े। अप्रेंटिस के दौरान 90 रुपए प्रति घंटे का भत्ता दिया जाता है लेकिन साल भर बाद घटकर 50 रुपए हो जाता है। मजदूरों की चिंता है अगर सरकारी भत्ता बढ़ाकर लागू किया गया तो कंपनियां कई मजदूरों को नौकरी से भी निकालेंगी।
कहां-कहां हुई हिंसा
प्रशासन के अनुसार, सेक्टर-60, 62, 63 और औद्योगिक क्षेत्र फेज-2 में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। साथ ही सोशल मीडिया पर नजर रखी जा रही है ताकि किसी भी अफवाह को तुरंत रोका जा सके। कल प्रदर्शन के दौरान सबसे ज्यादा असर सेक्टर-63 क्षेत्र में देखने को मिला, जहां आईटी कंपनियों और फैक्ट्रियों पर हमला किया गया। कार शोरूम समेत कई परिसरों में तोड़फोड़ और आगजनी की गई। सेक्टर-63 थाने पर भी पथराव हुआ, जिसमें SHO अमित काकरान बीच-बचाव के दौरान गिर गए। कई पुलिस वाहन भी उपद्रवियों के निशाने पर रहे।
क्या हैं श्रमिकों की प्रमुख मांगें
- अकुशल को 12 हजार और कुशल श्रमिकों को 20 हजार वेतन मिले
- ओवरटाइम पर दोगुना भुगतान
- हर महीने की 10 तारीख को वेतन भुगतान
- सप्ताह में एक दिन अवकाश मिले
- नवंबर तक बोनस का भुगतान
- सुरक्षित कार्य क्षेत्र और व्यवस्था
पुलिस का एक्शन और तैयारी
- नोएडा पुलिस ने सभी कर्मियों की छुट्टियां रद्द कर दी हैं
- PAC और RAF की कई कंपनियां तैनात की गई हैं
- आसपास के जिलों से अतिरिक्त फोर्स बुलाई गई है
- पुलिस का दावा है कि कहीं भी फायरिंग नहीं की गई
नोएडा की डीएम ने की शांति की अपील
डीएम मेधा रूपम और पुलिस आयुक्त लक्ष्मी सिंह ने श्रमिकों से शांति की अपील की है। इस बीच नोएडा एंटरप्रेन्योर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष विपिन मल्हन ने नोएडा-ग्रेनो की औद्योगिक इकाइयों को मंगलवार को बंद रखने का निर्णय लिया है।
Published By : Ankur Shrivastava
पब्लिश्ड 14 April 2026 at 11:54 IST