Manikarnika Ghat Row: 'मणिकर्णिका घाट' पर क्यों बरपा हंगामा? पप्पू यादव, AAP नेता समेत 8 पर FIR, संजय सिंह बोले- मंदिरों को नष्ट...
मणिकर्णिका घाट के पुनर्विकास और सौंदर्यीकरण विवाद मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए निर्दलीय सांसद पप्पू यादव, AAP नेता संजय सिंह समेत 8 के खिलाफ FIR दर्ज की है। इन पर लोगों को गुमराह करने वाली जानकारी फैलाने का आरोप लगा है।
वाराणसी के मणिकर्णिका घाट के पुनर्विकास और सौंदर्यीकरण विवाद में पुलिस की बड़ी कार्रवाई की है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए AI से बने फर्जी वीडियो और तस्वीरों के मामले में यह कार्रवाई की गई है। पुलिस ने आम आदमी पार्टी(AAP) के नेता और राज्यसभा सांसद संजय सिंह, सांसद पप्पू यादव और कांग्रेस जसविंदर कौर समेत आठ लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
काशी के मणिकर्णिका घाट के सौंदर्यीकरण कार्य को लेकर सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी (BJP) और विपक्षी पार्टियों के बीच जुबानी जंग जारी है। मणिकर्णिका घाट पर पुनर्विकास कार्य के बारे में सोशल मीडिया पर AI-जनरेटेड तस्वीरें और गुमराह करने वाली जानकारी फैलाने के आरोप में वाराणसी के चौक थाना में 8 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ है।
सीएम योगी की चेतावनी के बाद FIR
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की चेतावनी के महज 24 घंटे के भीतर पुलिस ने आठ अलग-अलग मुकदमे दर्ज किए हैं, जिसमें आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह, निर्दलीय सांसद पप्पू यादव (पूर्णिया) और कांग्रेस नेता जसविंदर कौर के नाम भी शामिल हैं। वाराणसी पुलिस ने चेतावनी देते हुए कहा कि इस मामले में आगे भी भ्रामक खबर फैलाई गई तो सख्त कार्रवाई होगी। FIR भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 196 (भाषण, लेखन, संकेतों या इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों से विभिन्न समूहों के बीच दुश्मनी, नफरत या वैमनस्य को बढ़ावा देना) और धारा 298 के तहत दर्ज की गई है।
अपने खिलाफ FIR पर क्या बोले संजय सिंह?
वहीं, विपक्षी पार्टियों ने दर्ज मामलों पर गुस्सा जताते हुए इसे सरकार की तानाशाही रवैया बताया है। अपने खिलाफ FIR पर प्रतिक्रिया देते हुए, संजय सिंह ने कहा कि पुनर्विकास कार्य से मणिकर्णिका घाट पर तबाही हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि मंदिरों को नुकसान पहुंचाया गया और अहिल्याबाई होल्कर की मूर्ति को विरूपित किया गया, जिससे साधुओं और अन्य लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया। AAP सांसद ने दावा किया कि स्थानीय लोग खुद इलाके में मंदिर तोड़े जाते देख रहे हैं। उन्होंने आगे आरोप लगाया कि अहिल्याबाई होल्कर के परिवार ने भी चिंता जताई है।
'मणिकर्णिका घाट' पर क्यों बरपा हंगामा?
वहीं BJP ने पलटवार करते हुए आरोप लगाया कि सरकार के पुनर्विकास अभियान के बीच विपक्ष झूठे दावे फैलाने की एक सोची-समझी कोशिश कर रहा है। बता दें कि मणिकर्णिका घाट पर चल रहे सुंदरीकरण और अतिक्रमण हटाने के काम के दौरान सोशल मीडिया पर रानी अहिल्याबाई होलकर की प्रतिमा टूटने, मंदिरों-मूर्तियों के क्षतिग्रस्त होने का दावा करने वाले वीडियो और फोटो तेजी से वायरल हुए। विपक्षी दलों ने इसे सरकार पर हमला करते हुए काशी की धरोहर को नष्ट करने का आरोप लगाया।
सीएम योगी का विपक्ष पर गंभीर आरोप
सीएम योगी आदित्यनाथ ने वाराणसी पहुंचकर प्रेस कॉन्फ्रेंस में साफ किया कि रानी अहिल्याबाई की प्रतिमा पूरी तरह सुरक्षित है और कोई मंदिर क्षतिग्रस्त नहीं हुआ। उन्होंने कांग्रेस और कुछ अन्य तत्वों पर AI जनरेटेड कंटेंट बनाकर काशी को बदनाम करने की साजिश का आरोप लगाया। सीएम ने कहा कि विकास कार्य विरासत और धार्मिक परंपराओं का सम्मान करते हुए हो रहा है।
Published By : Rupam Kumari
पब्लिश्ड 19 January 2026 at 14:14 IST