अपडेटेड 21 March 2026 at 13:43 IST
कौन थे 'फरसा वाले बाबा'? जिनकी मौत से ईद के दिन मथुरा में मचा बवाल, समर्थकों ने हत्या का लगाया आरोप, पुलिस बोली- ये एक्सीडेंट
Mathura News: मथुरा में गो रक्षक फरसा वाले बाबा की मौत के बाद बवाल मच गया है। समर्थकों ने हाईवे पर जमकर हंगामा और पथराव किया। जहां समर्थक इसे हत्या बता रहे हैं, तो पुलिस का कहना है कि घटना कोहरे की वजह से एक्सीडेंट के चलते हुई।
Farsa Wale Baba Death news: यूपी के मथुरा में 'फरसा वाले बाबा' की मौत को लेकर ईद वाले दिन भारी बवाल मच गया है। गौरक्षक संत चंद्रशेखर उर्फ 'फरसा वाले बाबा' को एक ट्रक ने कुचल दिया। जहां गौरक्षकों ने तस्करों पर उनकी हत्या करने का आरोप लगाया है। तो पुलिस ने कहा है कि यह हत्या नहीं, कोहरे की वजह से हुआ एक्सीडेंट है।
'फरसा वाले बाबा' की मौत से मथुरा में बवाल मच गया। घटना से बाबा के समर्थकों में भारी आक्रोश देखने मिला। उन्होंने आगरा-दिल्ली हाईवे को जाम कर दिया। इस दौरान पुलिस पर पथराव भी किया गया। भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज किया।
कोहरे की वजह से हुआ हादसा- पुलिस
घटना को लेकर जिलाधिकारी सीपी सिंह ने बताया कि 22 मार्च तड़के लगभग 4 बजे फरसा वाले बाबा थाना कोसी क्षेत्र में एक वाहन में गोवंश होने की सूचना पर अपने शिष्यों के साथ कंटेनर को रोककर जांच कर रहे थे, जिस पर नागालैंड का नंबर था। कंटेनर में साबुन, फिनाइल और शैम्पू जैसे सामान भरे पाए गए। इसी दौरान घने कोहरे के चलते पीछे से आ रहे राजस्थान नंबर के तार से भरे ट्रक ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे बाबा की मौके पर ही मृत्यु हो गई। हादसे में ट्रक चालक भी घायल हुआ है और वाहन क्षतिग्रस्त हो गया।
समर्थक बोले- जानबूझकर उन्हें कुचला गया
घटनास्थल पर मौजूद लोगों और बाबा के अनुयायियों का आरोप है कि बाबा जब गौ तस्करों का पीछा कर रहे थे, इस दौरान उन्हें जानबूझकर कुचल दिया गया। प्रदर्शनकारियों ने आरोप गाया कि यह एक सोची-समझी साजिश के तहत की गई हत्या है। उन्होंने ट्रक ड्राइवर की तत्काल गिरफ्तारी और मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है।
बताया जा रहा है कि कोटवन चौकी के नवीपुर क्षेत्र में हुई इस घटना के बाद एक युवक को मौके से पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया गया, जबकि तीन अन्य लोग फरार हो गए।
हाईवे पर हंगामा, पथराव
घटना की खबर फैलते ही क्षेत्र में शोक और आक्रोश की लहर दौड़ पड़ी। छाता क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग पर बड़ी संख्या में समर्थकों ने शव रखकर जाम लगा दिया। स्थिति उस समय और बिगड़ गई जब भीड़ ने पथराव और तोड़फोड़ शुरू कर दी। कई वाहनों के शीशे तोड़ दिए गए और मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
इस दौरान आक्रोशित भीड़ को काबू में करने के लिए पुलिस को बल का प्रयोग भी करना पड़ा। पुलिस ने लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े। पथराव में कई लोग घायल हुए हैं।
आगरा रेंज के DIG, शैलेश कुमार पांडे ने बताया कि स्थिति अब नियंत्रण में है। मामले ने पथराव में शामिल पांच लोगों को फिलहाल हिरासत में लिया है। पुलिस ने हिंसा करने वाले लोगों पर कार्रवाई की बात कही। साथ ही हर एंगल से इस मामले में की जांच भी की जा रही है।
मथुरा एसपी क्राइम अविनाश मिश्रा ने कहा है कि जो संदिग्ध लोग हैं हम उनकी जांच कर रहे हैं। घटना नहीं हत्या के सवाल पर उन्होंने कहा कि अगर ऐसा कुछ हुआ है तो पुलिस को जांच का समय और मौका देना चाहिए। पथराव की घटना पर हमने तत्काल कार्रवाई की है और स्थिति काबू में है। हमारी प्राथमिकता है लॉर्ड ऑर्डर को बनाना, वह हम बना चुके हैं। हम लगातार गश्त पर हैं और निगरानी रखे हुए हैं।
आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा- CM योगी
इस मामले पर यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने संज्ञान लिया है। उन्होंने अधिकारियों को घटना की जांच करने और आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। सीएम योगी ने साफ कहा कि किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
कौन थे फरसा वाले बाबा?
फरसा वाले बाबा का नाम चंद्रशेखर था। वे उत्तर प्रदेश के मथुरा (ब्रज क्षेत्र) के एक प्रसिद्ध गौरक्षक और गौ-सेवक थे। वे हमेशा अपने साथ फरसा (एक प्रकार की कुल्हाड़ी जैसा हथियार) रखते थे, जिसकी वजह से उन्हें "फरसा वाले बाबा" का नाम मिला। वे मथुरा के कोसीकलां, छाता, अंजनोख और आसपास के इलाकों में अवैध गौ-तस्करी रोकने के लिए सक्रिय रहते थे। वे निडर स्वभाव के धनी थे। वे कुछ हिंदूवादी संगठनों से जुड़े थे और ब्रज में काफी लोकप्रिय थे।
Published By : Ruchi Mehra
पब्लिश्ड 21 March 2026 at 13:42 IST