CM योगी का नया मॉडल भी हिट? हिमाचल सरकार भी लागू कर रही नेमप्लेट रूल, दुकानदारों को बतानी होगी पहचान
उत्तर प्रदेश की तरह हिमाचल प्रदेश में खाने-पीने की चीजें बेचने वालों को पहचान बतानी होगी। हिमाचल की कांग्रेस सरकार ने नियम लागू करने के निर्देश दिए हैं।
- भारत
- 3 min read
Himachal Pradesh Nameplate: योगी आदित्यनाथ का नेमप्लेट वाला नया मॉडल सुर्खियां बटोरने लगा है। अब तक उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री का बुलडोजर मॉडल देश-विदेश तक चर्चा में रहा। कुख्यात बदमाश और माफियाराज खत्म करने के साथ कानून व्यवस्था सुधारने के मकसद से योगी आदित्यनाथ ने बुलडोजर एक्शन को तवज्जो दी थी। अब खाने-पीने की दुकान, ढाबा-होटल मालिकों के लिए नेमप्लेट लगाने वाले आदेश के बाद भले सियासी विवाद खड़ा रहा है, लेकिन दूसरे राज्य अब CM योगी के इस मॉडल को अपनाने की राह पर निकल चुके हैं। उत्तर प्रदेश के बाद हिमाचल में कांग्रेस सरकार भी नियम लेकर आ गई है।
हालिया दिनों में खाने-पीने की चीजों में पेशाब मिलाने और थूकने जैसी घटनाओं के बाद, इन्हें रोकने के लिए योगी सरकार ने नेमप्लेट वाला आदेश जारी किया है। इसी तरह हिमाचल प्रदेश में भी स्ट्रीट वेंडिंग को लेकर नियम बनाए गए हैं। हिमाचल प्रदेश के मंत्री विक्रमादित्य सिंह कहते हैं- 'हमने शहरी विकास विभाग और नगर निगम के साथ बैठक की। ये सुनिश्चित करने के लिए कि स्वच्छ भोजन बेचा जाए, सभी स्ट्रीट वेंडर्स के लिए एक निर्णय लिया गया है।' मंत्री विक्रमादित्य सिंह बताते हैं कि हमने उत्तर प्रदेश में लागू की गई नीति के समान एक नीति लागू करने का फैसला किया है, जिसमें ये अनिवार्य कर दिया गया है कि विक्रेताओं को अपना नाम और पहचान पत्र दिखाना होगा। हरेक दुकानदार और स्ट्रीट वेंडर को अपनी पहचान दिखानी होगी।
रेहड़ी-पटरी वालों को लगानी दिखानी होगी ID
विक्रमादित्य सिंह ने एक फेसबुक पोस्ट में लिखा- 'हिमाचल में रेहड़ीधारकों के भोजनालय और फास्टफूड रेहड़ी पर मालिक की ID लगाई जाएगी, ताकि लोगों को किसी भी तरीके की परेशानी ना हो। इसके लिए पिछले दिन ही शहरी विकास विभाग और नगर निगम की बैठक में निर्देश जारी कर दिए गए हैं।'
उत्तर प्रदेश सरकार के नियम क्या?
उत्तर प्रदेश में खान-पान केंद्रों पर संचालक, प्रौपराइटर, मैनेजर का नाम और पता डिस्प्ले करना अनिवार्य किया गया है। पूरे रेस्टोरेंट में CCTV लगाने होंगे। कर्मचारियों को मास्क-ग्लव्ज पहनना जरूरी होगा। उत्तर प्रदेश में खाने-पाने की चीजों में पेशाब मिलाने और थूकने जैसी हालिया घटनाओं के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खाद्य विभाग के अधिकारियों संग बातचीत की। उसके बाद राज्य सरकार ने होटल-ढाबों पर दुकान के असली मालिक का नेमप्लेट लगाने का निर्देश जारी किया। आदेश के मुताबिक, खाने पीने की चीजें बेचने वालों को नाम और पता डिस्प्ले करना अनिवार्य होगा। पूरे रेस्टोरेंट में CCTV लगाने होंगे। कर्मचारियों को मास्क-ग्लव्स पहनना जरूरी होगा। विवाद के बीच राज्य सरकार के आदेश का पालन भी कई जगह होने लगा है।
Published By : Dalchand Kumar
पब्लिश्ड 26 September 2024 at 10:45 IST