'दुविधा में दोनों गए, माया मिली ना राम', अयोध्या न्योता ठुकराने पर कांग्रेस को मौर्य का तगड़ा जवाब
केशव प्रसाद मौर्य ने कांग्रेस नेताओं के अयोध्या में रामलला के दर्शन पर कहा कि ये पार्टी दुविधा में हैं।
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Keshav Prasad Maurya Ram Mandir: उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम और बीजेपी नेता केशव प्रसाद मौर्य ने राम मंदिर कार्यक्रम का न्योता ठुकराने पर कांग्रेस को घेरा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने न्योता ठुकराकर बहुत बड़ा पाप किया है। इस पार्टी को रामभक्त, शिवभक्त और कृष्ण भक्त कभी माफ नहीं करेंगे।
केशव प्रसाद मौर्य ने रिपब्लिक भारत से खास बातचीत में कांग्रेस के आचरण पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा, 'कांग्रेस का आचरण और इतिहास का उल्लेख करें तो भगवान सोमनाथ के मंदिर का जीर्णोद्धार सरदार पटेल ने किया। अगर 1947 में जवाहर लाल नेहरू चाहते तो क्या अयोध्या में रामलला के जन्मस्थान, काशी विश्वनाथ और मथुरा में भगवान श्रीकृष्ण के जन्मस्थान की समस्या बनी रहती।'
राम के नाम पर दुविधा में कांग्रेस: मौर्य
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने देश की सर्वोच्च अदालत में भगवान राम को काल्पनिक बताने का शपथपत्र दिया। रामसेतु को इन्होंने नकारा और अब 22 जनवरी को रामलला के प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम का न्योता ठुकरा दिया है। फिर कुछ नेताओं को अयोध्या में भगवान राम के दर्शन करने और सरयू नदी में स्नान के लिए भेजा। मौर्य ने कहा, कांग्रेस बड़ी दुविधा में हैं। इसी कहता हूं- 'दुविधा में दोनों गए, माया मिली ना राम'।
विपक्ष को देश की जनता जवाब देगी: मौर्य
मौर्य ने कहा कि आज कांग्रेस की दुर्दशा है। कांग्रेस के साथ समाजवादी पार्टी ने खुलकर राम जन्मभूमि का विरोध करने का काम किया है। उन्होंने रामभक्तों की भावनाओं से खिलवाड़ किया है। डिप्टी सीएम ने कहा कि कुछ दूसरे दलों ने तुष्टिकरण की राजनीति के लिए प्राण प्रतिष्ठा में आने से इनकार किया है, उन्हें 22 जनवरी को देश की जनता जवाब दे देगी।
अयोध्या पर राजनीति के आरोपों का दिया जवाब
राम के नाम पर राजनीति के आरोपों पर केशव प्रसाद मौर्य ने विपक्ष को करारा जवाब दिया। उन्होंने कहा कि जो लोग राम के नाम पर राजनीति करते हैं, वो वोट के लिए करते हैं। हम राम के नाम पर राजनीति नहीं करते। अगर ऐसा होता तो हम ट्रस्ट की तरफ से विपक्ष को भेजे गए न्योते का विरोध करते। हां न्योते पर अगर विपक्षी दल आते तो उत्तर प्रदेश में सरकार होने के नाते हम उनका स्वागत जरूर करते।
मौर्य ने कहा कि विपक्ष के लोग सिद्ध कर रहे हैं कि वो रामभक्तों और राम मंदिर के साथ नहीं हैं।
विपक्षी नेताओं को मौर्य ने बताया चुनावी हिंदू
चुनावों से पहले विपक्षी दलों के मंदिर दौरों पर उपमुख्यमंत्री ने जवाब दिया और कहा कि चुनावी हिंदू, चुनावी रामभक्त होने में बड़ा फर्क होता है। इस देश को सौभाग्य से एक पिछड़ी जाति से प्रधानमंत्री मिला तो आज प्राण प्रतिष्ठा समारोह हो रहा है। आज अयोध्या में जो भव्य मंदिर बन रहा है, उस बारे में प्रधानमंत्री मोदी ने हमें बारीकी से हर बातें बताईं। अयोध्या को भव्य बनाने का एक एक आदेश और निर्देश सीधे प्रधानमंत्री मोदी का है।
Published By : Amit Bajpayee
पब्लिश्ड 19 January 2024 at 13:17 IST