'प्रशांत भूषण ने कहा यह लड़ाई सरकार बदलने के लिए है, ये देश 140 करोड़ जनता का है, प्राइवेट प्रॉपर्टी नहीं, राहुल का इरादा...', BJP का हमला
गुरुवार, 15 अक्टूबर को बीजेपी सांसद संबित पात्रा ने वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत भूषण के ‘हम सब चाहते हैं सत्ता परिवर्तन हो’ के बयान पर पलटवार करते हुए कहा "यह देश किसी की निजी संपत्ति नहीं है। यह किसी एक परिवार की जागीर नहीं है। यह 1.4 अरब लोगों का देश है।"
- भारत
- 5 min read
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में गुरुवार, 15 अक्टूबर को कॉकरोच जनता पार्टी के एक प्रेस कॉन्फ्रेस में वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत भूषण ने कहा "जरूर सत्ता परिवर्तन होगा। हां..हम लोग चाहते हैं कि सत्ता परिवर्तन हो। इसमें क्या गलत है?" प्रशांत भूषण के इस बयान के बाद भारतीय जनता पार्टी ने जोरदार पलटवार किया है।
प्रशांत भूषण द्वारा दिए गए इस विवादित टिप्पणी के बाद बीजेपी ने तीखा पलटवार किया है। भाजपा सांसद सांसद संबित पात्रा ने तीखा प्रहार करते हुए कहा कि "उनका एकमात्र उद्देश्य सत्ता परिवर्तन करना, सत्ता पर कब्जा करना और किसी भी कीमत पर अपनी सरकार बनाना है, बिना चुनाव लड़े या बिना कोई मेहनत किए। यह देश किसी एक परिवार की जागीर नहीं है।"
यह देश किसी एक परिवार की जागीर नहीं है-संबित पात्रा
संबित पात्रा ने प्रशांत भूषण पर तीखा प्रहार करते हुए कहा "प्रशांत भूषण ने कहा कि यह लड़ाई सत्ता परिवर्तन के लिए है। मैं बिल्कुल साफ कर देना चाहता हूं। यह देश किसी की निजी संपत्ति नहीं है। यह किसी एक परिवार की जागीर नहीं है। यह 1.4 अरब लोगों का देश है। जब वे कहते हैं कि वे सत्ता परिवर्तन के लिए लड़ रहे हैं, तो इससे वही बात साबित होती है जो भारतीय जनता पार्टी और देश के आम नागरिक हमेशा से कहते आए हैं।'
राहुल का एकमात्र उद्देश्य सत्ता परिवर्तन
वहीं, लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए पात्रा ने कहा "राहुल गांधी और उनके साथियों का असली मकसद SIR मुद्दे से जुड़ा नहीं है और न ही वे हमारे बच्चों के भविष्य के लिए लड़ रहे हैं। उनका एकमात्र उद्देश्य सत्ता परिवर्तन करना, सत्ता पर कब्जा करना और किसी भी कीमत पर अपनी सरकार बनाना है।
बिना चुनाव लड़े या बिना कोई मेहनत किए, क्योंकि जनता बार-बार उन्हें नकारती रही है। हमारा संविधान सरकार बदलने की एक स्पष्ट प्रक्रिया देता है। इस देश में हर पाँच साल में चुनाव होते हैं, जहाँ लोग अपने वोट देने के अधिकार का इस्तेमाल करते हैं। सत्ता में बदलाव के लिए यही वैध तरीके हैं, लेकिन आप इस प्रक्रिया में विश्वास नहीं करते।'
खुद के नेता बदल नहीं सकते, सत्ता परिवर्तन करने निकले हैं
आगे उन्होंने कहा 'आप अराजकता और अव्यवस्था में विश्वास करते हैं। आज, प्रशांत भूषण ने अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में खुलकर यह बात स्वीकार कर ली है। यह साफ है और अब मान भी लिया गया है कि यह मानसिकता, चाहे वह राहुल गांधी की हो, प्रशांत भूषण की हो, या उनके पूरे समूह की एक खास तरह की सोच को दर्शाती है। मैं बस इतना कहना चाहूंगा कि वे अपने खुद के नेता को भी नहीं बदल पाए हैं। जब से राहुल गांधी उनके नेता बने हैं, तब से वे एक भी चुनाव नहीं जीत पाए हैं।
कैप्टन स्मित मच्छार को लेकर LoP पर साधा निशाना
बीजेपी सांसद संबित पात्रा ने कहा "कैप्टन स्मित मच्छार के वीरतापूर्ण जज़्बे और साहस को लेकर राहुल गांधी ने एक ट्वीट तक नहीं किया, न ही कोई टिप्पणी की; फिर भी वे हमें 'धार्मिक कट्टरपंथी' कह रहे हैं। उनका दावा है कि भारत एक धार्मिक कट्टरपंथी देश है। कांग्रेस पार्टी और वे सभी लोग जो"
आगे उन्होंने कहा "आज प्रेस क्लब में मौजूद लोग इस बात पर गौर करें। ये वही लोग हैं जिन्होंने सर्जिकल स्ट्राइक के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस करके सेना का अपमान किया था। आपने सर्जिकल स्ट्राइक के सबूत मांगे और DGMO पर सवाल उठाते हुए उन्हें झूठा कहा। और अब आप यह सुझाव दे रहे हैं कि सेना को सड़कों पर उतर आना चाहिए और सरकार के खिलाफ बगावत कर देनी चाहिए। आप वही लोग हैं जिन्होंने कभी सेना को 'सड़क छाप गुंडे' कहा था।"
Published By : Sahitya Maurya
पब्लिश्ड 15 October 2026 at 20:05 IST