Pahalgam Terror Attack: पहलगाम आतंकी हमले का मास्टरमाइंड सैफुल्ला खालिद कसूरी कौन?
पहलगाम हमले की जिम्मेदारी द रेसिस्टेंस फ्रंट (TRF) ने ली है। जो लश्कर-ए-तैयबा का हिस्सा है। खुफिया सूत्रों के मुताबिक, हमले का मास्टरमाइंड सैफुल्लाह खालिद है।
- भारत
- 3 min read
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए भयावह आतंकी हमले में 26 बेगुनाहों की जान चली गई। इस हमले की जिम्मेदारी द रेसिस्टेंस फ्रंट (TRF) ने ली है। जो लश्कर-ए-तैयबा का ही हिस्सा है। खुफिया सूत्रों के मुताबिक, इस हमले का मास्टरमाइंड सैफुल्लाह खालिद है, जिसे हाफिज सईद का सबसे करीबी माना जाता है। TRF और PAFF जैसे आतंकी फ्रंट संगठनों का निर्माण भी उसी ने किया, ताकि पाकिस्तान सीधे तौर पर जिम्मेदार न ठहराया जा सके।
कौन है सैफुल्लाह खालिद ?
सैफुल्लाह खालिद को सैफुल्लाह साजिद जट्ट, अली, हबीबुल्लाह और नौमान समेत कई नामों से जाना जाता है। वह लश्कर-ए-तैयबा का एक प्रमुख कमांडर और डिप्टी चीफ है। खुफिया एजेंसियों के अनुसार वह पाकिस्तान के पंजाब प्रांत का रहने वाला है और लश्कर ए तैयबा के संस्थापक हाफिज सईद का सबसे भरोसेमंद सहयोगी है। उसकी उम्र 40 के करीब बताई जाती है, जो 20 साल से जम्मू-कश्मीर में आतंकी गतिविधियों को अंजाम दे रहा है। सैफुल्लाह ने 2000 के दशक की शुरुआत में लश्कर-ए-तैयबा ज्वाइन किया। पाकिस्तान के मुरीदके में एलईटी के कैंप में ट्रेनिंग लिया। कहा जाता है कि उसकी भर्ती और ट्रेनिंग में हाफिज सईद का सीधा दखल था।
जम्मू-कश्मीर में कुछ दिनों पहले की घुसपैठ
सैफुल्लाह को जम्मू-कश्मीर के पुंछ-राजौरी इलाके में लश्कर के आतंकी गतिविधियों का मेन हैंडलर माना जाता है। वह PoK के कोटली में लश्कर के खुइरट्टा डेट्स एक छोटे आतंकी समूह का चीफ रह चुका है। यहीं से भारत में आतंकी भेजे जाते हैं।
सैफुल्लाह ने द रेसिस्टेंस फ्रंट (TRF) और पीपल्स एंटी-फासिस्ट फोर्स (PAFF) बनाया। यही जैश-ए-मोहम्मद के लिए काम करते हैं ताकि वह हमलों की सीधे जिम्मेदारी लेने से बच सके। हाफिज सईद का यह बेहद करीबी है। खुफिया एजेंसियों का मानना है कि सैफुल्लाह कसूरी पहलगाम हमले का मास्टरमाइंड है। उसने 5-6 पाकिस्तानी आतंकियों को इस हमले को अंजाम देने के लिए भेजा था। खबरें है कि कुछ दिन पहले ही जम्मू कश्मीर में घुसपैठ करके आए हैं।
आतंकी आसिफ की पहली फोटो जारी
पहलगाम आतंकी हमले के बाद जांच एजेंसियों ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक आतंकी आसिफ (Pahalgam Terrorist Asif Photo ) की तस्वीर जारी की है, जो हमले में शामिल बताया जा रहा है। साथ ही तीन संदिग्ध आतंकियों के स्केच भी सार्वजनिक किए गए हैं। बैसरन घाटी में हुए सबसे बड़े आतंकी हमले में अब तक 28 निर्दोष पर्यटकों की जान जा रही है। इस आतंकी हमले ने पूरे देश को हिला कर रखा दिया है।
खुफिया एजेंसियों को शक है कि ये हमलावर हाल ही में पाकिस्तान से घुसपैठ करके घाटी में पहुंचे थे। अब इस खुलासे के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने घाटी में सर्च ऑपरेशन और तेज कर दिया है। इस बीच 3 आतंकवादियों की स्केच जारी किए गए थे। जिसमें से एक ही तस्वीर अब सामने आ गई है। जांच एजेंसियों ने चमदीदों से पूछताछ के आधार पर स्केच बनाए हैं।
क्या है द रेजिस्टेंस फ्रंट
'द रेजिस्टेंस फ्रंट' पाकिस्तान के आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा का एक मुखौटा है। पाकिस्तान में बैठा शेख सज्जाद गुल इसका प्रमुख है। उसी के इशारे पर टीआरएफ का लोकल माड्यूल जम्मू-कश्मीर में लगातार हमलों को अंजाम दे रहा है। जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 को हटाए जाने के बाद टीआरएफ एक ऑनलाइन यूनिट के रूप में शुरू हुआ था। माना जाता है कि टीआरएफ को बनाने का मकसद लश्कर जैसे आतंकी संगठनों को कवर देना है। इसकी मदद पाकिस्तानी फौज और आईएसआई भी करती है।
Published By : Nidhi Mudgill
पब्लिश्ड 23 April 2025 at 13:07 IST