Twisha Sharma Death Mystery: बेल्ट गायब, CCTV टाइमिंग और गलत उम्र... ट्विशा शर्मा मामले में इन सवालों के बीच उलझी मौत की गुत्थी
पूर्व मिस पूणे ट्विशा शर्मा की मौत मामले में परिवार लगातार हत्या का आरोप लगा रहा है। शरीर पर चोट के निशान और FIR में गड़बड़ियां जैसे 11 रेड फ्लैग्स उभरे हैं। इस मामले की जांच SIT कर रही है।
पूर्व मिस पूणे और ट्विशा शर्मा की मौत का मामला अब एक साधारण आत्महत्या की जांच से कहीं आगे निकल चुका है। भोपाल में अपने ससुराल में 12 मई 2026 को फांसी पर लटकी हालत में मिली ट्विशा की मौत के बाद उनके परिवार ने कई गंभीर आरोप लगाए हैं।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट, सीसीटीवी फुटेज, उम्र में गड़बड़ी और कई मुद्दों ने इस मामले को और जटिल बना दिया है। परिवार दूसरी पोस्टमॉर्टम और सीबीआई जांच की मांग कर रहा है।
ऊंचाई में बड़ा मिसमैच
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में ट्विशा की ऊंचाई कम बताई गई है, जबकि उनके परिवार और परिचित उन्हें काफी लंबी बताते हैं। वकील अंकुर पांडे ने अदालत में इस बुनियादी गलती को उठाया। इससे पूरे मेडिको-लीगल दस्तावेज पर ही सवाल खड़े हो गए हैं।
FIR में उम्र और जन्मतिथि
FIR के अलग-अलग हिस्सों में ट्विशा की उम्र 31 या 33 बताई गई है। जन्मतिथि भी 16 अप्रैल 1987 दर्ज है। परिवार इसे महज क्लर्किकल एरर नहीं मानता, बल्कि लापरवाही का सबूत बताता है।
गायब बेल्ट
फांसी में इस्तेमाल हुई बताई गई नायलॉन बेल्ट को पहले पोस्टमॉर्टम के दौरान मेडिकल बोर्ड के सामने पेश ही नहीं किया गया। फॉरेंसिक विशेषज्ञ आमतौर पर घाव के निशानों और रस्सी/बेल्ट का मिलान करते हैं। बिना इसकी तुलना किए निष्कर्ष कैसे निकाला गया, यह बड़ा सवाल है।
CCTV टाइमिंग और गैप
- सामने आए CCTV फूटेज में करीब 7:20 बजे ट्विशा को छत की ओर जाते देखा गया।
- करीब 8:20 बजे तीन लोग उन्हें बेहोशी की हालत में नीचे लाते दिखे।
- FIR में मौत का समय करीब 10:50 बजे बताया गया।
- इन 2 घंटे के गैप पर अब सवाल उठ रहा है। टाइमस्टैंप गलत थे या FIR में समय गलत दर्ज हुआ?
शरीर पर चोट के निशान
पोस्टमॉर्टम में गर्दन पर खरोंच, बाजुओं और कलाई पर ब्रूज, उंगलियों पर चोटें और खोपड़ी के नीचे ब्रूज पाए गए। ब्लूइश इंजरी मार्क्स और एस्फिक्सिया (Asphyxia) के संकेत भी थे। डॉक्टरों ने इन्हें साधारण बताया, लेकिन परिवार पूछ रहा है कि ये चोटें मौत से पहले कैसे आईं।
सीपीआर का दावा
परिवार के सदस्यों ने सीसीटीवी में दिखे सीपीआर प्रयास को स्टेज्ड और मेडिकली गलत बताया। सास गिरी बाला सिंह को शांत रहने का भी आरोप लगाया गया।
ऑडियो टेप और मानसिक प्रताड़ना
एक वायरल ऑडियो में सास गिरी बाला सिंह के ट्विशा के पिछले रिश्तों और चरित्र पर सवाल उठाते सुनी गई। परिवार इसे मानसिक उत्पीड़न का सबूत मानता है।
पति फरार
ट्विशा के पति समर्थ सिंह फरार हैं। पुलिस कई राज्यों में उनकी तलाश कर रही है और पासपोर्ट संबंधी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
अंतिम संस्कार से इनकार
एक हफ्ते से ज्यादा समय बीतने के बाद भी शव AIIMS भोपाल में रखा है। परिवार मध्य प्रदेश के बाहर स्वतंत्र दूसरी पोस्टमॉर्टम कराए बिना शव लेने को तैयार नहीं।
अन्य मुद्दे
दहेज उत्पीड़न, जबरन गर्भपात और चरित्र हनन के आरोप भी लगे हैं। SIT जांच चल रही है।
Published By : Sagar Singh
पब्लिश्ड 20 May 2026 at 23:08 IST