NEET 2026 Paper Leak: 'लड़कों को फिर भी मौका मिल जाएगा, लेकिन लड़कियों की शादी...', पेपर रद्द होने पर फूटा खान सर का गुस्सा
अपने अनोखे अंदाज में पढ़ाने के लिए मशहूर पटना के शिक्षक और यूट्यूबर खान सर ने पेपर लीक और नीट परीक्षा रद्द होने पर अपना गुस्सा जाहिर किया। इस दौरान उन्होंने बताया कि कैसे कुछ लड़कियों के लिए यह परीक्षा आखिरी मौका हो सकता है।
Khan Sir on NEET UG Paper Leak: पेपर लीक के आरोपों के बीच नीट परीक्षा रद्द होने पर शिक्षक और यूट्यूबर खान सर की कड़ी नाराजगी सामने आई है। उन्होंने पेपर लीक से होने वाले नुकसान के बारे में बताते हुए कहा कि NTA के लिए ये सिर्फ एक पेपर लीक है, किसी के लिए पूरी जिंदगी है। लड़कों को फिर भी दोबारा मौका मिल जाएगा, लेकिन लड़कियों की शादी करा दी जाती है।
खान सर ने समाचार एजेंजी एएनआई से बात करते हुए पेपर लीक को लाखों बच्चों के जीवन के साथ खिलवाड़ बताया। उन्होंने कहा कि दो साल पहले भी बिल्कुल इसी तरह से पेपर लीक हुआ था। सीबीआई जांच भी हुई और कोई नतीजा नहीं निकला। इसका परिणाम यह रहा कि उनका मनोबल बढ़ा और इस बार फिर पेपर लीक हुआ।
NTA की व्यवस्था बेहद घटिया- खान सर
उन्होंने कहा कि हैरानी वाली बात ये है कि पेपर लीक के बारे में सबसे पहले एजेंसी को पता चलना चाहिए। यहां पर बच्चों ने इसकी जानकारी सरकार तक पहुंचाई। हमने जो एजेंसी को एग्जाम कराने की जिम्मेदारी दे रखी है, समझ से बाहर है कि इन्हें पेपर कराने के लिए दिया गया है या लीक कराने के लिए। ये जिम्मेदारी NTA को दी गई है- नेशनल टेस्टिंग एजेंसी, इसका नाम होना चाहिए नेवर ट्रस्टएबल एजेंसी। बच्चों के डाइपर लीक नहीं होते, इनके पेपर लीक हो जाते हैं। इनकी व्यवस्था इतनी घटिया है।
कोचिंग को धंधा बनाने पर भड़के खान सर
खान सर ने भड़कते हुए कहा कि जिन लोगों ने कोचिंग को धंधा बना दिया है, उन पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। इसकी गहन जांच होनी चाहिए। कोचिंग सिर्फ पढ़ाने के लिए होनी चाहिए, जिस तरह से भारत का गुरु दक्षिणा वाला कल्चर था। लेकिन इन लोगों ने इसे अरबों-खरबों का व्यापार बनाकर रख दिया है। इनके पास अथाह-अकूल पैसा संपत्ति आ गई है कि इनके लिए पेपर लीक कराना चुटकी का खेल हो गया है। टॉपर को कहीं से भी ला देना इनके लिए खेल बराबर है। इस पर भी गहना जांच हो, ताकि बच्चों का भविष्य बर्बाद न हो।
'लड़कियों को फिर मौका नहीं मिलेगा, शादी…'
उन्होंने कहा कि सीबीआई जांच के चक्कर में बच्चे अंधकार में पड़े हुए हैं। इनका कोई सुध लेने वाला नहीं है। जिन बच्चों की परीक्षा ठीक नहीं हुई थी, उन्हें एक बार मौका मिलेगा। फिर भी 20 दिन में क्या कर लेंगे। वो खुद ही डिप्रेशन में चले जाएंगे।
खान सर ने जमीनी हकीकत से रूबरू कराते हुए कहा कि लड़के अगर फेल हो जाएं तो उन्हें दोबारा मौका मिलता है। लेकिन लड़कियों की शादी करा दी जाती है। किसी होस्टल में रहने वाली लड़की से पूछिए, उसे इसी बात का डर होगा। उसके घर से कितने ही लोगों का कॉल भी आ गया होगा कि अब पढ़ाई छुड़वा दी जाएगी। ये दर्द वो नहीं समझ सकते। एनटीए के लिए ये सिर्फ एक पेपर लीक है, लेकिन किसी के लिए पूरी जिंदगी है। ये लोग तकलीफ नहीं समझ सकते।
‘गरीब बच्चे मुश्किल से आते हैं परीक्षा देने’
वह कहते हैं कि यहां परीक्षा देने के लिए बच्चे किसी न किसी समस्या का सामना करते हुए आए होंगे। कोई कर्ज लेकर आया होगा। जब बच्चे पढ़ने आते हैं तो उन्हें माता-पिता बोलकर भेजते हैं कि एक साल या दो महीने के लिए भेज रहे हैं। ये सिर्फ पेपर लीक नहीं है। जिसने इस सोसायटी को नहीं देखा, जो सिर्फ एसी में बैठने वाले लोग हैं, वो नहीं बता सकते कि गरीब के घर में कितनी दिक्कतें होती है।
Published By : Priyanka Yadav
पब्लिश्ड 12 May 2026 at 21:12 IST