ट्रंप के एक बयान से लहूलुहान हो गया शेयर बाजार, सेंसेक्स 1600 प्वाइंट लुढ़का तो निफ्टी 500, निवेशकों में हड़कंप; 10 लाख करोड़ स्वाहा
ईरान और अमेरिका के बीच एक बार फिर से तनाव बढ़ गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सीजफायर खत्म करने के ऐलान के बाद से भारतीय शेयर बाजार बुरी तरह पस्त हो गया।
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ईरान और अमेरिका के बीच एक बार फिर से तनाव बढ़ गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सीजफायर खत्म करने के ऐलान के बाद से भारतीय शेयर बाजार बुरी तरह पस्त हो गया। इंट्रा-डे में सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में 2% से अधिक की गिरावट आई। इस वजह से निवेशकों को करीब 8 लाख करोड़ रुपये का नुकसान हुआ।
दोपहर 2 बजकर 50 मिनट तक के आंकड़ों के अनुसार, सेंसेक्स 1,898.55 अंकों (2.43%) की बड़ी गिरावट के साथ 76,282.17 के स्तर पर आ गया है, जबकि निफ्टी 50 भी 588.85 अंकों (2.41%) के नुकसान के साथ 23,809.85 पर कारोबार कर रहा है। बीएई लिस्टेड कंपनियों का कुल मार्केट कैप घटकर लगभग 472 लाख करोड़ रुपये रह गया। सेंसेक्स के सभी शेयरों में गिरावट आई।
ट्रंप ने अपने बयान में क्या कहा?
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की कि ईरान के साथ युद्धविराम समझौता 'खत्म' हो गया है। अंकारा में नाटो शिखर सम्मेलन से पहले नाटो प्रमुख मार्क रुटे से बात करते हुए, राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान के बारे में पूछे गए सवालों का जवाब देते हुए कहा, "मुझे लगता है कि यह खत्म हो गया है। जितनी बार वो हमला करेंगे, उतनी बार उन्हें जवाब मिलेगा।"
ईरान के साथ सीजफायर के स्टेटस पर US प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, "मुझे लगता है कि यह खत्म हो गया है। मैं अब उनसे कोई डील नहीं करना चाहता। वे घटिया लोग हैं। उन्हें बीमार लोग लीड कर रहे हैं। मैं अपने नेगोशिएटर्स से बात करूंगा। वे नेगोशिएट करना चाहते हैं वे अच्छे लोग हैं, लेकिन उन्हें मेरे पास वापस आना होगा। जहां तक मेरा सवाल है, उनसे डील करना बस टाइम वेस्ट है।"
ईरान से डील करना बस टाइम वेस्ट है-ट्रंप
अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान के साथ आगे की राजनयिक बातचीत को "समय की बर्बादी" करार दिया है। ट्रंप ने ये टिप्पणियां तब कीं जब एक पत्रकार ने सवाल किया कि क्या ईरान के साथ युद्धविराम टूट गया है और क्या 14-सूत्रीय समझौता ज्ञापन प्रभावी रूप से बेकार हो गया है। तुर्की में नाटो शिखर सम्मेलन में बोलते हुए, ट्रंप ने यह भी कहा कि वह "ग्रीनलैंड और ईरान के मुद्दे पर नाटो से खुश नहीं हैं।" मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक शेयर बाजार में आज की भारी गिरावट के बाद निवेशकों को भारी नुकसान हुआ है और करीब 10 लाख करोड़ डूब गए हैं।
Published By : Ankur Shrivastava
पब्लिश्ड 8 July 2026 at 16:01 IST