मालदीव को रक्षा तैयारियों के लिए क्षमता वृद्धि में सहयोग देने को तैयार भारत
भारत ने बुधवार को मालदीव को बताया कि वह उसकी रक्षा तैयारियों को बढ़ाने में सहयोग देने के लिए तैयार है।
भारत ने बुधवार को मालदीव को बताया कि वह उसकी रक्षा तैयारियों को बढ़ाने में सहयोग देने के लिए तैयार है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने समुद्री सुरक्षा सहयोग पर केंद्रित व्यापक वार्ता के लिए मालदीव के अपने समकक्ष मोहम्मद घासन मौमून की मेजबानी की। भारत की तरफ से जारी एक बयान के अनुसार, बैठक में दोनों देशों के रक्षा मंत्रियों ने भारत-मालदीव व्यापक आर्थिक और समुद्री सुरक्षा साझेदारी के लिए संयुक्त दृष्टिकोण को साकार करने में मिलकर काम करने की अपनी दृढ़ प्रतिबद्धता दोहराई।
मौमून भारत की तीन-दिवसीय यात्रा पर हैं। मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू की मांग पर भारत द्वारा अपने सैन्यकर्मियों को मालदीव से वापस बुलाए जाने के करीब आठ माह बाद इस द्वीपीय देश के रक्षा मंत्री यहां की यात्रा पर आए हैं। चीन समर्थन माने जाने वाले मुइज्जू के कदमों के बाद भारत-मालदीव के संबंधों में तनाव पैदा हो गया था।
बयान में कहा गया, ‘‘बातचीत के दौरान दोनों पक्षों ने भारत-मालदीव व्यापक आर्थिक और समुद्री सुरक्षा साझेदारी के संयुक्त दृष्टिकोण को साकार करने के लिए मिलकर काम करने की दृढ़ प्रतिबद्धता दोहराई।’’
बयान के मुताबिक, सिंह ने कहा कि मालदीव को रक्षा तैयारियों के लिए क्षमता वृद्धि में सहयोग देने के लिए भारत तैयार है। इसमें मालदीव की राष्ट्रीय प्राथमिकताओं के अनुसार और भारत की ‘पड़ोसी पहले’ नीति एवं ‘सागर’ दृष्टिकोण के अनुरूप उसकी क्षमताओं को बढ़ाने के लिए रक्षा प्लेटफॉर्म और परिसंपत्तियों का प्रावधान शामिल है। ‘सागर’ दृष्टिकोण का आशय क्षेत्र में सभी के लिए सुरक्षा और विकास से है।
Published By : Deepak Gupta
पब्लिश्ड 8 January 2025 at 18:01 IST