अपडेटेड 26 February 2026 at 20:41 IST
Greater Noida: जेपी ग्रीन्स में आवारा कुत्तों के आतंक का वीडियो वायरल, सुरक्षा की मांग को लेकर FMD ऑफिस पर हल्लाबोल
Greater Noida: ग्रेटर नोएडा की जेपी ग्रीन्स सोसायटी में आवारा कुत्तों के हमले बढ़ गए हैं। इसका एक वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। इसके बाद निवासियों ने FMD ऑफिस पहुंचकर कड़ी कार्रवाई, नसबंदी और जुर्माने की मांग की है।
Greater Noida Stray Dogs Case: जेपी ग्रीन्स सोसायटी में आवारा कुत्तों के आतंक का मुद्दा गहराता जा रहा है, क्योंकि अब यह लोगों के लिए गंभीर सुरक्षा संकट बन गया है। हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो के बाद जेपी ग्रीन्स सोसायटी के निवासी सामूहिक रूप से FMD ऑफिस पहुंचे।
सुरक्षा के बढ़ते खतरों को लेकर वहां रह रहे लोगों ने कार्यालय पर विरोध प्रदर्शन किया और अधिकारियों से मुलाकात कर अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की।
वायरल वीडियो ने बढ़ाई दहशत
सोसायटी के अंदर से सामने आए एक हालिया वीडियो ने निवासियों के बीच डर का माहौल पैदा कर दिया है। वीडियो में देखा जा सकता है कि एक महिला सामान्य रूप से रास्ते से गुजर रही है, तभी अचानक आक्रामक कुत्तों का झुंड उसे घेर लेता है और उस पर झपटने की कोशिश करता है। इसके बाद महिला डरकर पीछे हटने को मजबूर हो जाती है।
इसी वीडियो में सड़क के दूसरी ओर टहल रहे अन्य लोगों पर भी कुत्ते हमला करने का प्रयास करते दिख रहे हैं। निवासियों का कहना है कि कुत्तों के आतंक के कारण अब सड़क पर निकलना भी दूभर हो गया है।
हर नागरिक को सुरक्षित रहने का अधिकार
प्रदर्शन के दौरान निवासियों ने भारतीय संविधान के अनुच्छेद 21 का जिक्र करते हुए स्पष्ट किया कि हर नागरिक को एक सुरक्षित और गरिमापूर्ण वातावरण में रहने का मौलिक अधिकार है। पार्क, पार्किंग और सड़कों जैसे कॉमन एरिया असुरक्षित हो जाना प्रशासन की बड़ी लापरवाही को दिखाता है।
5 दिनों का दिया अल्टीमेटम
निवासियों ने FMD प्रशासन के सामने बेहद सख्त रुख अपनाते हुए 5 दिनों के भीतर एक लिखित एक्शन प्लान पेश करने की मांग की है। इसमें सभी कुत्तों की नसबंदी (ABC) और एंटी-रेबीज वैक्सीनेशन, कुत्तों पर GPS कॉलर लगाने, कुत्तों को खाना खिलाने के लिए जगह तय करने और अन्य मांगे हैं।
लोगों ने स्पष्ट किया है कि अगले 5 दिनों में प्रशासन की ओर से इस पर कोई ठोस कदम उठाया जाए। लोगों ने अधिकारियों को ऐसा नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी है। मामले में स्थानीय प्रशासन और नगर निकाय को भी इस संबंध में सूचित किया जा रहा है।
Published By : Sakshi Bansal
पब्लिश्ड 26 February 2026 at 20:41 IST