अरविंद केजरीवाल का नया पता बंगला नंबर 5; AAP नेता ने इसी घर को क्यों चुना, कब खाली करेंगे CM आवास?

अरविंद केजरीवाल को सिविल लाइंस में 6, फ्लैगस्टाफ रोड स्थित CM आवास मिला हुआ था, जो अब उन्हें छोड़ना पड़ेगा। केजरीवाल शुक्रवार को मुख्यमंत्री आवास खाली करेंगे।

 
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अरविंद केजरीवाल के लिए नया घर फाइनल हुआ। | Image: ANI/Facebook

Delhi News: दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और AAP संयोजक अरविंद केजरीवाल के लिए नई दिल्ली इलाके में एक घर तय हो गया है। अरविंद केजरीवाल लुटियंस दिल्ली में रहेंगे और उनका नया पता फिरोजशाह रोड स्थित बंगला नंबर 5 होगा। आम आदमी पार्टी के नेता और उनका परिवार अगले कुछ दिनों में नए घर में शिफ्ट हो जाएगा।

अरविंद केजरीवाल के मुख्यमंत्री पद रहते हुए उन्हें सिविल लाइंस में 6, फ्लैगस्टाफ रोड स्थित सीएम आवास मिला हुआ था, जो अब उन्हें छोड़ना पड़ेगा। केजरीवाल शुक्रवार को मुख्यमंत्री आवास को खाली करेंगे। सीएम पद से इस्तीफा देने के बाद केजरीवाल ने कहा था कि वो नवरात्रि के दौरान फ्लैगस्टाफ रोड स्थित आधिकारिक आवास खाली कर देंगे। ऐसे में उनके लिए नया घर तलाशा गया है। इसका एक कारण ये भी है कि दिल्ली में विधायकों के लिए सरकारी आवास नहीं है, जबकि केजरीवाल अब सिर्फ एक विधायक हैं। मुख्यमंत्री बनने से पहले अरविंद केजरीवाल गाजियाबाद के कौशांबी में रहते थे। एक दशक से अधिक समय तक दिल्ली के मुख्यमंत्री रहते हुए भी केजरीवाल ने राजधानी में अपना घर नहीं खरीदा है।

केजरीवाल ने क्यों चुना बंगला नंबर 5?

फिलहाल दिल्ली में अरविंद केजरीवाल के लिए घर फाइनल हो गया है। वो नई दिल्ली विधानसभा में फिरोजशाह रोड स्थित 5 नंबर बंगले में रहेंगे, जो आम आदमी पार्टी के सांसद अशोक मित्तल को मिला हुआ है। इस आवास को चुनने की एक वजह ये बताई जाती है कि अशोक मित्तल का ये घर नई दिल्ली विधानसभा में है, जो केजरीवाल का विधानसभा क्षेत्र भी है। लिहाजा केजरीवाल अपनी विधानसभा और दिल्ली का चुनाव प्रचार देखते रहेंगे। इसके अलावा जिस घर में जाएंगे वो पार्टी मुख्यालय के करीब भी है।

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केजरीवाल ने पिछले महीने छोड़ा CM पद

केजरीवाल ने पिछले महीने दिल्ली के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था, जिससे पार्टी के नेता भी हैरान रह गए थे। आबकारी नीति मामले में जेल में बंद केजरीवाल ने जमानत पर बाहर आते ही अपने इस्तीफे का ऐलान कर दिया। उन्होंने विधानसभा चुनाव में दिल्ली की जनता से 'ईमानदारी का सर्टिफिकेट' मिलने के बाद ही पद पर लौटने की कसम खाई। केजरीवा ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देकर पार्टी सहयोगी आतिशी के लिए पदभार संभालने का रास्ता साफ कर दिया था। इस्तीफे से पहले केजरीवाल ने अगले मुख्यमंत्री के नाम पर फैसला करने के लिए पार्टी नेताओं के साथ 'एक-एक करके' बैठक की। उन्होंने अपने प्रतिस्थापन पर प्रत्येक नेता से फीडबैक मांगा था। बाद में आतिशी के नाम पर मुहर लगाई गई।

आतिशी ने 21 सितंबर को CM पद संभाला

आतिशी ने 21 सितंबर को दिल्ली के मुख्यमंत्री का पद संभाला, जो सुषमा स्वराज और शीला दीक्षित के बाद राष्ट्रीय राजधानी की तीसरी महिला मुख्यमंत्री बनीं। 43 साल की उम्र में वो दिल्ली के इतिहास में सबसे कम उम्र की सीएम भी हैं। केजरीवाल जब पहली बार सीएम बने, तब उनकी उम्र 45 साल थी। पहले केजरीवाल के नेतृत्व वाली कैबिनेट में आतिशी ने कई पदों पर काम किया, जिसमें वित्त और शिक्षा समेत महत्वपूर्ण विभागों का प्रभार संभाला। उन्होंने 2015 से 2018 तक दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया की सलाहकार के तौर पर भी काम किया था।

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Published By : Dalchand Kumar

पब्लिश्ड 3 October 2024 at 11:14 IST