BREAKING: फिर टला बड़ा हादसा, एअर इंडिया फ्लाइट की बर्मिंघम में इमरजेंसी लैंडिंग, अमृतसर से भरी थी उड़ान
फिर टला बड़ा हादसा, एअर इंडिया फ्लाइट की बर्मिंघम में इमरजेंसी लैंडिंग, अमृतसर से भरी थी उड़ान
एयर इंडिया की एक फ्लाइट में तकनीकी गड़बड़ी की खबर सामने आई है। अमृतसर से बर्मिंघम जा रही उड़ान के दौरान विमान में अचानक राम एयर टर्बाइन (RAT) सक्रिय हो गई। हालांकि पायलटों ने स्थिति को संभालते हुए विमान की सुरक्षित लैंडिंग कराई। यह घटना फ्लाइट AI117 के बर्मिंघम में अंतिम अप्रोच के दौरान हुई। RAT के खुल जाने के बावजूद, विमान ने सुरक्षित लैंडिंग की, और विमान में सवार सभी यात्री तथा चालक दल के सदस्य पूरी तरह सुरक्षित हैं।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक एयर इंडिया ने जानकारी दी कि विमान के सभी इलेक्ट्रिकल और हाइड्रोलिक पैरामीटर्स सामान्य पाए गए और कोई बड़ा खतरा नहीं था। लेकिन एहतियातन विमान को ग्राउंड कर दिया गया है ताकि इसकी पूरी तकनीकी जांच की जा सके। साथ ही इसके चलते इसी फ्लाइट से बर्मिंघम से दिल्ली आने वाली वापसी फ्लाइट AI114 को रद्द करना पड़ा। हालांकि एयर इंडिया पैसेंजर्स के लिए विकल्पिक सुविधा की जुटा रही है।
आपको बता दें कि इसी मॉडल का विमान, बोइंग ड्रीमलाइनर 787-8, इस साल जून में अहमदाबाद में हुए एक विमान हादसे में भी शामिल था, जहाँ RAT खुली थी। उस मामले की अंतरिम जाँच रिपोर्ट में सामने आया था कि ईंधन आपूर्ति कट जाने के कारण इंजन बंद हो गए थे, जिसके परिणामस्वरूप आपातकालीन तंत्र सक्रिय हो गया था।
क्या होता है RAT
RAT एक छोटा पंखा होता है जो आपातकाल में बिजली और हाइड्रोलिक पावर देने के लिए काम करता है। इसका पूरा नाम रैम एयर टर्बाइन है। यह एक छोटा टर्बाइन होता है जो विमान के निचले हिस्से से बाहर निकलता है। यह हवा के मदद से घूमता है और आपातकालीन स्थिति में प्लेन की सहायता पहुंचाता है। यह बिजली विमान के जरूरी कंट्रोल सिस्टम जैसे रेडियो, फ्लाइट कंट्रोल्स, और हाइड्रॉलिक पावर प्रदान करता है।
जब विमान के दोनों इंजन फेल हो जाते हैं या मुख्य पावर सिस्टम बंद या खराब हो जाता है, तब RAT अपने आप सक्रिय होता है या पायलट इसे मैन्युअली चालू कर सकता है। यह आपातकालीन पावर सप्लाई के लिए काम आता है ताकि विमान के महत्वपूर्ण सिस्टम चालू रहें और पायलट विमान को कंट्रोल कर सके। RAT का उद्देश्य विमान को उड़ान से बाहर गिरने से रोकना या कम से कम नियंत्रण बनाए रखना होता है, लेकिन यह उड़ान के लिए मुख्य पावर की जगह नहीं ले सकता।
Published By : Ankur Shrivastava
पब्लिश्ड 5 October 2025 at 11:41 IST